Buddha Purnima 2025: बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर देश के कई राज्यों में बैंक बंद रहने वाले हैं। चेक करें RBI की हॉलिडे लिस्ट।
Buddha Purnima Bank Holiday: आज, 12 मई 2025 को बुद्ध पूर्णिमा (Buddha Purnima) के अवसर पर देश के कई राज्यों में बैंक बंद रहेंगे। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की हॉलिडे लिस्ट के अनुसार, यह दिन कई राज्यों में सार्वजनिक अवकाश के रूप में मनाया जाता है। बुद्ध पूर्णिमा, जिसे वैशाख पूर्णिमा या बुद्ध जयंती के नाम से भी जाना जाता है, भगवान गौतम बुद्ध की जन्म, ज्ञान प्राप्ति और महापरिनिर्वाण की स्मृति में मनाया जाता है। आइए जानते हैं कि आज किन-किन राज्यों और शहरों में बैंक बंद रहेंगे और RBI की छुट्टियों की सूची में क्या शामिल है।
राज्य: त्रिपुरा, मिजोरम, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, अरुणाचल प्रदेश, जम्मू और कश्मीर, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, दिल्ली, छत्तीसगढ़, झारखंड, हिमाचल प्रदेश।
शहर: अगरतला, आइजोल, बेलापुर, भोपाल, देहरादून, ईटानगर, जम्मू, कानपुर, कोलकाता, लखनऊ, मुंबई, नागपुर, नई दिल्ली, रायपुर, रांची, शिमला और श्रीनगर।
इन क्षेत्रों में निजी और सार्वजनिक क्षेत्र के सभी बैंक, जैसे SBI, HDFC, ICICI, PNB, और Bank of Baroda, अपनी शाखाएं बंद रखेंगे। हालांकि, अन्य राज्यों में बैंक सामान्य रूप से कार्य कर सकते हैं, इसलिए ग्राहकों को अपने नजदीकी बैंक शाखा से संपर्क कर पुष्टि कर लेनी चाहिए।
1 मई: महाराष्ट्र दिवस/मजदूर दिवस (महाराष्ट्र, कर्नाटक, तमिलनाडु, तेलंगाना, मणिपुर, केरल, असम, आंध्र प्रदेश, पश्चिम बंगाल, गोवा, बिहार)
7 मई: पंचायत चुनाव (असम)
9 मई: रवींद्रनाथ टैगोर जयंती (पश्चिम बंगाल)
12 मई: बुद्ध पूर्णिमा (उपरोक्त राज्यों में)
16 मई: सिक्किम स्थापना दिवस (सिक्किम)
24 मई: चौथा शनिवार (सभी राज्यों में)
इसके अलावा, सभी रविवार (4, 11, 18, 25 मई) और दूसरा शनिवार (10 मई) को भी बैंक बंद रहते हैं।
हालांकि, बैंक शाखाएं बंद रहेंगी, लेकिन डिजिटल बैंकिंग सेवाएं जैसे मोबाइल बैंकिंग, इंटरनेट बैंकिंग, UPI, और ATM सेवाएं 24/7 उपलब्ध रहेंगी। ग्राहक NEFT/RTGS लेनदेन के लिए अगले कार्य दिवस तक इंतजार कर सकते हैं, क्योंकि ये सेवाएं RBI अवकाश पर प्रभावित होती हैं।
बुद्ध पूर्णिमा दक्षिण, दक्षिण-पूर्व और पूर्वी एशिया में व्यापक रूप से मनाया जाने वाला एक पवित्र पर्व है। यह भगवान बुद्ध के जीवन की तीन प्रमुख घटनाओं - जन्म (लुंबिनी में), ज्ञान प्राप्ति (बोधगया में), और महापरिनिर्वाण (कुशीनगर में) - को स्मरण करता है। इस दिन भक्त मंदिरों में प्रार्थना करते हैं, शाकाहारी भोजन ग्रहण करते हैं और बुद्ध की शिक्षाओं का पालन करते हैं।