घरेलू वायदा बाजार और अंतरराष्ट्रीय कॉमेक्स बाजार में आज सोना और चांदी दोनों में गिरावट दर्ज की गई। डॉलर की मजबूती और वैश्विक आर्थिक संकेतों के चलते कीमतों पर दबाव बना हुआ है।
Gold Silver Price Today: कमोडिटी बाजार में आज गुरुवार को सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई। घरेलू वायदा बाजार और अंतरराष्ट्रीय बाजार दोनों में कमजोरी का रुख देखने को मिला। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज ऑफ इंडिया लिमिटेड (MCX) और ग्लोबल कमेक्स बाजार में गोल्ड और सिल्वर के भाव लाल निशान में कारोबार कर रहे हैं, जिससे निवेशक सतर्क नजर आ रहे हैं। जानिए आज के ताजा भाव।
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज ऑफ इंडिया (MCX) पर सोना 1,57,802 रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर पर कारोबार करता दिखा। इसमें करीब 953 रुपये यानी 0.6 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। दिन के दौरान गोल्ड ने 1,58,173 रुपये का उच्च स्तर और 1,57,701 रुपये का निचला स्तर छुआ। ओपन इंटरेस्ट में हल्की कमी देखी गई, जो संकेत देता है कि कुछ ट्रेडर्स ने अपनी पोजिशन हल्की की है। घरेलू बाजार में यह गिरावट मुख्य रूप से ग्लोबल ट्रेंड और डॉलर इंडेक्स की मजबूती से जुड़ी मानी जा रही है।
MCX पर सिल्वर 2,59,300 रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर पर ट्रेड करता नजर आया। इसमें 3,718 रुपये यानी 1.41 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। सिल्वर में गोल्ड की तुलना में अधिक उतार-चढ़ाव देखा गया। कारोबार के दौरान चांदी की कीमत में 2,63,018 रुपये के पिछले बंद की तुलना में करीब 4,000 की गिरावट दर्ज की गई। इंडस्ट्रियल डिमांड और ग्लोबल संकेतों का सीधा असर सिल्वर पर दिखाई दे रहा है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कॉमेक्स पर गोल्ड 5078.80 डॉलर प्रति औंस के आसपास कारोबार करता दिखा। इसमें 19.70 डॉलर यानी 0.39 प्रतिशत की गिरावट रही। दिन का उच्च स्तर 5122.80 डॉलर और निचला स्तर 5065.00 डॉलर दर्ज किया गया। अमेरिकी बॉन्ड यील्ड और डॉलर में मजबूती के कारण गोल्ड पर दबाव बना हुआ है। निवेशक अब आगामी आर्थिक आंकड़ों और फेडरल रिजर्व की नीति पर नजर बनाए हुए हैं, जिससे आगे की दिशा तय हो सकती है।
कॉमेक्स पर सिल्वर 83.400 डॉलर प्रति औंस के स्तर पर कारोबार करता दिखा, जिसमें 0.520 डॉलर यानी 0.62 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। चांदी का उच्च स्तर 84.875 डॉलर और निचला स्तर 81.125 डॉलर रहा। औद्योगिक उपयोग में मांग और वैश्विक आर्थिक संकेतकों का असर सिल्वर पर अधिक दिखाई देता है। फिलहाल ग्लोबल बाजार में जोखिम से बचाव की रणनीति के चलते कीमती धातुओं में कमजोरी देखी जा रही है।