चंडीगढ़ पंजाब

सुखपाल खैहरा ने पंजाब में आम आदमी पार्टी की कमान बदलने के लिए आगे बढाए कदम

एक और विधायक जयकिशन रोडी खैहरा खेमे में पहुंचे...
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Updated: 7 Aug 2018, 2:33 PM IST
sukhpal khaira file photo
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(चंडीगढ): पंजाब के नेता प्रतिपक्ष के पद से हटाए गए आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता सुखपाल खैहरा ने प्रदेश में पार्टी की कमान बदलने की अपनी मुहिम के तहत सांमवार को कुछ और कदम आगे बढाए है। पार्टी के गढशंकर से विधायक जयकिशन सिंह रोडी ने भी सोमवार को खैहरा से मिलकर उनकी मुहिम को समर्थन दिया है। इसके साथ ही खैहरा गुट के विधायकों की संख्या बढकर आठ हो गई है। खैहरा और उनके समर्थक विधायकों ने पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविन्द केजरीवाल और दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सीसोदिया को अपना नेता मानते हुए बीच में गुमराह करने वाली लाॅबी को नाकाम करने पर जोर दिया है। उन्होंने कहा कि दुर्गेश पाठक और गैरी वडिंग की लाॅबी केजरीवाल तक सही बात नही पहुंचने दे रही और इस कारण गलत फैसले किए जा रहे है।

नेता प्रतिपक्ष पद से हटाए जाने के बाद सुखपाल खैहरा ने पंजाब में पार्टी की कमान बदलने की मुहिम शुरू की है और इसे आॅटोनाॅमी हासिल करने की मुहिम करार दिया है। खैहरा ने अपने खेमे में आए गढशंकर के विधायक जयकिशन सिंह रोडी के साथ पत्रकारों से बातचीत की और कहा कि तीन-चार और विधायक उनकी मुहिम में शामिल होना चाहते हैं लेकिन उन्हें प्रयास कर रोका जा रहा है। खैहरा ने कहा कि पूरे प्रदेश में लोगों को पार्टी से जोडा जा रहा है और नया ढांचा ही पार्टी के नए अध्यक्ष का चुनाव करेगा। उन्होंने कहा कि नेता प्रतिपक्ष का चुनाव भी विधिवत रूप से कराया जाना चाहिए।

खैहरा ने बताया कि मुहिम के तहत आगामी 11 अगस्त को हाशियारपुर में होने वाला वालंटियर सम्मेलन अब गढशंकर में होगा। इसके बाद इशडू में 15 अगस्त को शहीद करनैल सिंह इशडू व किसान नेता सरदार भूपिंदर सिंह को श्रद्धांजलि का कार्यक्रम होगा। इसके बाद 25 अगस्त को गुरदासपुर में सममेलन होगा। खैहरा ने कहा कि यह किसी व्यक्ति की नहीं बल्कि पंजाब के हितों की लडाई है। लोग पार्टी में बदलाव के लिए आवाज दे रहे है। पार्टी का स्वराज का नारा था और पार्टी आम आदमी की पार्टी थी तो पार्टी का सारा कामकाज और फैसले इसी भावना से होना चाहिए। उन्होंने कहा कि उन्हें नेता प्रतिपक्ष से हटाने का फैसला अलोकतांत्रिक तरीके से किया गया। नया नेता प्रतिपक्ष नियुक्त करने का पत्र विधानसभा स्पीकर को पहले पहुंचा। नेता प्रतिपक्ष बदलने का ट्वीट इसके बाद आया। विधायकों से भी इसके बाद व्हाट्सएप पर सहमति देने को कहा गया। उन्होंने कहा कि पिछले साल के विधानसभा चुनाव में पार्टी के टिकट बटवारे में पैसे लिए जाने के आरोपों की जांच कर दोषी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

खैहरा की मुहिम में शामिल हुए विधायक जयकिशन रोडी ने कहा कि वे पंजाब के सम्मान व स्वतंत्रता के लिए इस मुहिम में आए हैं। उन्होंने कहा कि मेरी कोशिश तो यह है कि केन्द्रीय नेतृत्व और पंजाब इकाई के बीच की खाई समाप्त हो। मैंने इससे पहले भी दिल्ली जाकर समझाने का प्रयास किया था लेकिन बात बनी नहीं।

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