
चेन्नई. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश के नवोन्मेष पारिस्थितिकी तंत्र की सराहना की और कहा कि भारत वैश्विक स्तर पर उपयोग हो सकने वाले समाधान मुहैया कराने के लिए प्रतिबद्ध है।
वे यहां सिंगापुर-भारत हैकाथन 2019 के प्रतिभागियों को संबोधित कर रहे थे। मोदी ने कहा कि स्कूलों से लेकर उच्च शिक्षा और अनुसंधान तक एक ऐसा पारिस्थितिकी तंत्र पैदा किया जा रहा है जो नवोन्मेष का माध्यम बन गया है। देश तीन शीर्ष स्टार्टअप पारिस्थितिकी तंत्रों में से एक है। उन्होंने कहा कि भारत 5000 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने की ओर बढ़ रहा है और नवोन्मेष एवं स्टार्टअप इसमें अहम भूमिका निभाएंगे।
उन्होंने उन अवसरों का उपयोग करने के लिए कहा जो उनका इंतजार कर रहे हैं। साथ ही उनसे देश की आवश्यकताओं को ध्यान में रखने की बात भी कही। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि पिछले सप्ताह उनकी अमेरिकी यात्रा के दौरान उच्च स्तरीय बैठकों में हर जगह नए भारत को लेकर आशावाद का उल्लेख हुआ।
हैकाथन में भाग लेने वालों की सराहना
मोदी ने विभिन्न समाधानों के साथ हैकाथन में भाग लेने वालों की सराहना करते हुए कैमरा संबंधी एक नवोन्मेष का जिक्र किया और कहा कि यह संसद में उपयोगी होगा। उन्होंने कार्यक्रम में मौजूद लोगों के ठहाकों के बीच कहा मुझे मुख्य रूप से वह कैमरा अच्छा लगा जो बताता है कि कौन ध्यान दे रहा है। आप जानते हैं कि अब क्या होगा। मैं संसद के अपने अध्यक्ष से बात करूंगा और मुझे भरोसा है यह सांसदों के लिए बहुत लाभकारी होगा।
नवोन्मेष को प्रोत्साहन
सिंगापुर भारत हैकाथन में कहा हम दो बड़े कारणों से नवोन्मेष को प्रोत्साहित कर रहे हैं। पहला कारण यह है कि हम भारत की समस्याओं को सुलझाने के लिए आसान समाधान चाहते हैं ताकि जीवन सरल हो सके। उन्होंने कहा दूसरा कारण यह है कि हम भारत के लोग पूरी दुनिया के लिए समाधान तलाशना चाहते हैं। वैश्विक स्तर पर प्रयोग होने वाले भारतीय समाधान। यह हमारा लक्ष्य एवं प्रतिबद्धता है।
सभी तरोताजा
सिंगापुर-भारत हैकथॉन कार्यक्रम में मोदी ने कहा आप पिछले 36 घंटों से सिंगापुर-भारत हैकथॉन में काम कर रहे हैं और मैं बिल्कुल भी आपके चेहरे पर थकान नहीं देख रहा हूं। बल्कि सभी तरोताजा लग रहे हैं। आपके चेहरे पर अपने टास्क को सही से पूरा किए जाने की संतुष्टि मुझे नजर आ रही है। मुझे लगता है कि संतुष्टि का भाव चेन्नई के खास ब्रेकफास्ट से आती है।