भीषण गर्मी में बिजली के अभाव में परेशान लोग
मुरसलीम खान
छतरपुर। ईशानगर से १५ किमी दूर स्थित १५ सौ की आबादी वाले कुर्रा रामपुर में बीस दिन से अंधेरा छाया है। बिजली कंपनी के कर्मचारी यहां से ट्रांसफार्मर निकाल कर ले गए। जिससे ग्रामीण भीषण गर्मी के बीच परेशान होने के मजबूर हैं। गर्मी की वजह से लोग बिलबिला रहे हैं। बावजूद इसके बिजली कंपनी के कर्मचारी अपनी मनमानी पर आमादा हैं।
ईशानगर जनपद पंचायत क्षेत्र अंतर्गत कुर्रा रामपुर में बीस दिन से ग्रामीण अंधेरे में जीवन यापन कर रहे हैं। भीषण गर्मी में बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक का बुरा हाल है। पारा ४३ डिग्री के इर्दगिर्द घूम रहा है। दोपहर के समय आसमान से आग बरस रही है। ऐसे में बिजली का संकट ग्रामीणों पर भारी पड़ रहा है। बीस पहले बिजली कंपनी के कर्मचारी यहां लगे विद्युत ट्रांसफार्मर को निकाल ले गए थे। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में कुछ लोगों का बिजली का बिल बकाया है। जिस कारण बिजली कंपनी के कर्मचारी के यहां पर लगे ट्रांसफार्मर को ही निकालकर ले गए। प्रदीप सोनी ने बताया कि गांव की आबादी करीब १५०० है। यहां करीब बीस प्रतिशत लोगों के विद्युत बिल बकाया हैं। जिस का खामियाजा पूरे गांव को भुगतना पड़ रहा है। बिजली कंपनी के कर्मचारियों के द्वारा बिजली बिल जमा न होने पर गरीब लोगों के घरों से कूलर, पंखा, टीवी आदि सामान भी जब्त किया था। बावजूद इसके अभी तक बिजली कंपनी द्वारा गांव में वापस ट्रांसफार्मर नहीं लगाया गया। जिससे ग्रामीण परेशान हैं। शाम होते ही गांव में अंधेरा पसर जाता है। रात में चोरों का भय भी बना रहता है। रात में ग्रामीण अपने घरों व घर के दरवाजे पर लेटकर रात गुजारने को मजबूर हैं। वहीं भीषण गर्मी के बीच ग्रामीण बेबसी की जिंदगी जी रहे हैं।
बिजली के अभाव में गहराया जल संकट
बिजली कंपनी के कर्मचारियों की मनमानी कुर्रा रामपुर गांव में जल संकट भी गहरा गया है। यहां पानी के लिए मोटर न चल पाने से ग्रामीण बूंद-बूंद पानी को बीस दिन से तरस रहे हैं। सुबह होते ही ग्रामीण रोजमर्रा का काम छोड़ पानी के इंतजाम में जुट जाते हैं। गांव में काफी दूर जलश्रोत होने के कारण ग्रामीण साइकिल, बाइक, बैलगाड़ी आदि से पानी ढोने को मजबूर हैं।
पेयजल सप्लाई को लगा ट्रांसफार्मर भी दो साल से शोपीस
गांव में पीएचई विभाग द्वारा पानी की मोटर चलाने को लेकर टंकी के पास ट्रांसफार्मर लगवाया गया था। यह ट्रांसफार्मर दो साल पहले फुंक गया था। इसे बदलने के लिए ग्रामीणों द्वारा कई बार मांग की गई लेकिन अधिकारी अभी भी कुंभकर्णी निद्रा में सोए हुए हैं। ऐसे में ग्रामीणों धैर्य अब जवाब देने लगा है। नलजल योजना के तहत पानी भी ग्रामीणों तक नहीं पहुंच पा रहा है। जिससे ग्रामीण पीएचई को भी कोस रहे हैं।
विधायक से भी लगा चुके गुहार
प्रदीप सोनी ने बताया कि इस समस्या के निराकरण के लिए ग्रामीणों के द्वारा विधायक पुष्पेंद्र नाथ पाठक से भी गुहार लगाई जा चुकी है। बावजूद इसके समस्या का समाधान नहीं हो हुआ। इसके अलावा अन्य अन्य जनप्रतिनिधियों से भी गुहार लगाई गईलेकिन आश्वासन के सिवा नहीं कुछ नहीं हुआ।
इनका कहना
मामला मेरे संज्ञान में नहीं है। फिर भी इस मामले को जेई से बात करके दिखवाता हूं। ग्रामीणों की समस्या का समाधान कराया जाएगा।
संजय निगम, एसई बिजली कंपनी छतरपुर