
छिंदवाड़ा.आयुष्मान कार्ड पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की फटकार के बाद जिले का परफारमेंस प्रदेश में तेजी से सुधरा है। नगरीय एवं ग्रामीण इलाकों में कार्ड बनाने पर ध्यान केन्द्रित करने से छिंदवाड़ा की बीएसआई रैंकिंग 39वीं से पांच अंक सुधरकर 34 पर आ गई है।
बीती 22 सितम्बर को मुख्यमंत्री नगरीय निकाय चुनाव दमुआ और सौंसर की जनसभा के साथ रामाकोना में आयोजित जनसेवा अभियान शिविर में पहुंचे थे। इस दौरान आयुष्मान कार्ड पर उदासीनता पर तत्कालीन सीएमएचओ डॉ.जीसी चौरसिया को मंच से ही फटकार लगाई थी। दूसरे दिन 23 सितम्बर को डॉ.चौरसिया का तबादला कर दिया गया था। इस समय आयुष्मान मप्र की सरकारी वेबसाइट के अनुसार छिंदवाड़ा में केवल 8.43 लाख लोगों के ही आयुष्मान कार्ड जारी हुए थे। जिले में परफारमेंस 56.78 प्रतिशत और बीएसआई रैंक 39वीं थी।
सीएम की ये फटकार का लापरवाह अधिकारी-कर्मचारियों पर प्रभाव पड़ा। इसके बाद शहरी और ग्रामीण इलाकों में अभियान के रूप में सक्रिय हुए और आम जनमानस को घर पहुंच लाभ मिला। हालांकि 12 अक्टूबर को आयुष्मान जिला कंट्रोल के डाटा के मुताबिक 9.12 लाख लोग के कार्ड बनाए जा चुके हैं। इसका परफारमेंस औसत 58.53 प्रतिशत रहा। आयुष्मान मप्र की वेबसाइट में भी छिंदवाड़ा की रैंकिंग 34वें स्थान पर दिखाई दी।
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आयुष्मान कंट्रोल रुम का वर्तमान रिकार्ड
जिले में पात्र हितग्राही-1558473
अब तक बनाए कार्ड-912103
शेष रह गए हितग्राही-646370
कार्ड का औसत प्रतिशत-58.53
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पिछली 23 सितम्बर को ये था डाटा
कुल पात्र हितग्राही-1485772
जारी किए गए कार्ड-843642
शेष रह गए हितग्राही-642130
कार्ड का औसत प्रतिशत-56.78
नोट-ये डाटा आयुष्मान मप्र की वेबसाइट पर आधारित है। जब सीएम रामाकोना जनसेवा अभियान शिविर में आए थे।
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इनका कहना है...
जिले के शहरी और ग्रामीण इलाकों में आयुष्मान कार्ड तेजी से बनाए जा रहे हैं। इसके सर्वेक्षण के लिए घर-घर कर्मचारियों को पहुंचाया गया और शिविर लगाए जा रहे हैं।
-डॉ.एनके शास्त्री, सीएमएचओ
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ग्रामीण इलाकों की अपेक्षा शहरी क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन
आयुष्मान कार्ड के जिला कंट्रोल रुम के डाटा को देखा जाए तो शहरी क्षेत्र में 2.91 लाख आबादी को लक्षित करते हुए काम किया गया तो अब तक 1.82 लाख हितग्राहियों के कार्ड बने। इसका औसत परफारमेंस 62.80 प्रतिशत रहा। जबकि ग्रामीण इलाकों की 12.67 लाख आबादी में से 7.29 लाख के आयुष्मान कार्ड बने। इसका परफारमेंस औसत 57.54 प्रतिशत है। अभी 5.38 लाख आबादी तक कार्ड पहुंचना शेष है।