
छिंदवाड़ा। छत्तीसगढ़ के जंगल से भटककर सिवनी के जंगलों की ओर आया जंगली हाथी अब छिंदवाड़ा जिले की सीमा में प्रवेश कर खेतों में उत्पात मचा रहा है। सिवनी के बाद छिंदवाड़ा की जंगल में पहुंचने पर अब छिंदवाड़ा का वन अमला उस पर लगातार नजर रखे हुए है। वन विभाग ने निगरानी के दौरान हाथी की मूवमेंट छिंदवाड़ा जिले के चौरई क्षेत्र अंतर्गत सालीवाड़ा गांव के पास शनिवार को देखा गया था। एनएच-44 को किसी जगह से या कहीं-कहीं बनी पुलिया के नीचे से हाथी ने पार करके चौरई से अमरवाड़ा क्षेत्र की ओर रुख किया है। हाथी अमरवाड़ा रेंज के ग्राम सालीवाडा होते हुए घाट तरफ से चिखली चंदेरी तरफ मिरगणनाथपहाड़ी जंगल को पार करके खेतों में मक्का खाने पहुंचा। ग्रामीण ने जब उसे भगाने की कोशिश करने लगे तो हाथी लोगों को कुचलने पर उतारू हो गया। हाथी ने इस दौरान कई ग्रामीणों पर हमला किया है जिसमें सुरेश पिता सुखदास कुमरे 48 घायल हो गया, जिसे हाथी ने सूड से उठाकर पटक दिया था। ग्रामीणों तथा वन अमले ने घायल ग्रामीण को अमरवाड़ा सिविल अस्पताल में भर्ती कराया है।
वन विभाग के अधिकारियों ने ग्रामीणों से सतर्क रहने और विभाग का सहयोग करने की अपील की है। उन्होंने बताया कि हाथी को आबादी वाले क्षेत्र से सुरक्षित दूरी पर रखने के लिए आवश्यक प्रयास किए जा रहे हैं। नागरिकों को हाथी को उकसाने, पीछा करने या परेशान करने से मना किया गया है। शराब पिए व्यक्ति के पीछे हाथी दौड़ता है क्योंकि शराब की गंध से वह परेशान होता है।
बताया जा रहा है कि जैसे ही किसानों को इस बात की जानकारी लगी कि हाथी चौरई से अमरवाड़ा तथा फिर परासिया के जंगलों की ओर बढ़ा है ऐसे में जंंगलों से लगे ग्रामीणों को अपनी फसल के नुकसान का डर सताने लगा है। वहीं वन अमले ने लगातार किसानों से अपील की है कि अगर वह उनके खेतों की ओर आए तो उसका सामना ना करें।
जंगली हाथी चौरई के जंगलों से निकलकर अमरवाड़ा के जंगलों में पहुंचा था। वह भटककर इस ओर आया है तथा रविवार की शाम को वह परासिया की जंगलों की ओर निकल गया था। लगातार वन अमला नजर रखे हुए है वहीं ग्रामीणों से भी लगातार अपील की जा रही है कि वह जंगली हाथी से दूरी बनाए रखे।
अनादि बुधोलिया, एसडीओ, पूर्व वनमंडल, छिंदवाड़ा।