Amarwada कांग्रेस ऐसी डरी है कि अमरवाड़ा उपचुनाव में फूंक-फूंककर कदम उठा रही है।
Dhiren Shah Inwati Naveen Markam Shobharam Congress Amarwada एमपी में लोकसभा चुनाव में इंदौर में हुए अक्षय बम कांड ने कांग्रेस को हिला दिया था। यहां कांग्रेस के आधिकारिक प्रत्याशी अक्षय कांति बम ने ऐन वक्त पर अपना नाम वापस ले लिया था जिससे इंदौर सीट पर पार्टी का कोई प्रत्याशी ही नहीं बचा। इस घटना से कांग्रेस ऐसी डरी है कि अमरवाड़ा उपचुनाव में फूंक-फूंककर कदम उठा रही है। यहां कांग्रेस के आधिकारिक प्रत्याशी के साथ ही पार्टी के दो और दावेदारों के भी नामांकन पत्र जमा कराए गए हैं।
अमरवाड़ा विधानसभा के उपचुनाव में कांग्रेस ने धीरन शाह इनवाती को अपना प्रत्याशी घोषित किया है। वे गुुरुवार को अपना नामांकन पत्र जमा कर चुके हैं। धीरन शाह इनवाती के अलावा कांग्रेस के नवीन मरकाम और शोभाराम भलावी ने भी कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में नामांकन पत्र जमा किए हैं।
कांग्रेस के घोषित प्रत्याशी धीरन शाह इनवाती ने नामांकन पत्र के चार सेट जमा कराए जबकि नवीन मरकाम ने दो सेट भरे हैं। नवीन मरकाम ने कांग्रेस प्रत्याशी के साथ ही निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में भी नामांकन पत्र जमा किया है। शोभाराम में भी कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में नामांकन पत्र का सेट जमा किया है।
कांग्रेस ने इंदौर की घटना से सबक लेते हुए यह कदम उठाया है। कांग्रेस के घोषित प्रत्याशी का नामांकन स्वीकार होने के बाद दो अन्य प्रत्याशियों के पर्चे वापस ले लिए जाएंगे। वैसे भी धीरेन शाह के नाम की घोषणा होने के पहले नवीन मरकाम प्रमुख दावेदार माने जा रहे थे।
क्या हुआ था इंदौर में
इंदौर में लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की ओर से अक्षय कांति बम को आधिकारिक प्रत्याशी घोषित किया गया था। नाम वापिसी के अंतिम क्षणों में उन्होंने पाला बदल लिया। अक्षय बम ने नामांकन पत्र वापस ले लिया और कांग्रेस छोड़कर बीजेपी में शामिल हो गए। चुनाव मैदान में कांग्रेस का आधिकारिक प्रत्याशी नहीं होने से बीजेपी के शंकर ललवानी ने इंदौर सीट रिकार्ड मतों से जीत ली।
खजुराहो में भी मैदान साफ
लोकसभा चुनाव में ऐसा ही कुछ खजुराहो में भी हुआ था जहां कांग्रेस ने समझौते के तहत सीट सपा को दी थी। सपा प्रत्याशी का नामांकन पत्र निरस्त कर दिया गया जिससे बीजेपी की राह बहुत आसान हो गई थी।