कंबल, साडिय़ां, सलवार सूट, गमछे, जूते-चप्पल, शर्ट-पैंट, कोट-पेंट, बच्चों के खिलौने, बर्तन, दीया-बात्ती और मिठाई का वितरण
छिंदवाड़ा. इस बार दीपावली का पर्व सिर्फ रोशनी और पटाखों तक सीमित नहीं है, बल्कि जिले के जरूरतमंद परिवारों के लिए भी खुशियों की सौगात लेकर आया है। पत्रिका और सोनी कंप्यूटर एजुकेशन के सामूहिक प्रयास से दिवाली से पहले विशेष आयोजन किया गया, जिसमें समाज के वंचित वर्ग के लोगों के लिए जरूरी सामग्री का वितरण किया गया। इस दौरान कंबल, साडिय़ां, सलवार सूट, गमछे, जूते-चप्पल, शर्ट-पैंट, कोट-पेंट, बच्चों के खिलौने, बर्तन बांटे गए। दीपावली की विशिष्ट पहचान माने जाने वाले दीया-बात्ती और मिठाई भी इन परिवारों तक पहुंचाई गई। कार्यक्रम का आयोजन आदिशक्ति माता मंदिर जेल बगीचा में शनिवार को किया गया। यहां पर पत्रिका और सोनी कंप्यूटर एजुकेशन के कर्मचारियों के अलावा जिले के कई समाजसेवियों ने भी बढ़-चढकऱ हिस्सा लिया। यह आयोजन सैकड़ों समाजसेवियों के सहयोग से सफल हुआ। कई लोग वितरण स्थल पर भी दान सामग्री लेकर पहुंचे।
जरूरतमंदों की आंखों में आई चमक
कार्यक्रम में शामिल हुए कुछ जरूरतमंद परिवारों ने अपनी भावनाएं साझा कीं। कई महिलाओं ने बताया कि उनके पास इस बार त्योहार मनाने के लिए साधन नहीं थे, लेकिन इस पहल से उनके बच्चों की आंखों में दीपावली की रोशनी लौट आई है। एक बुजुर्ग महिला ने कहा कि इस उम्र में खुद की देखभाल कर पाना मुश्किल हो जाता है। इस बार मुझे गर्म कंबल और मिठाई मिली, इससे मेरी दीपावली बन गई। दो बच्चों के साथ आई एक महिला ने कहा कि मेरे बच्चे खिलौने पाकर बहुत खुश हैं। हमारे लिए त्योहार मनाना इतना आसान नहीं होता, परंतु इस मदद ने हमें आश्वस्त किया है कि लोग हमारी परवाह करते हैं।"
सहयोगियों का अमूल्य योगदान
इस पहल में कई संगठनों और व्यक्तियों का योगदान दिया। जिनमें आदिशक्ति माता मंदिर समिति, डायरेक्टर सोनी कंप्यूटर एजुकेशन कीर्ति सोनी, मनोज सोनी, प्राचार्य रोहित वर्मा, शिक्षकगण, विद्यार्थीगण, अध्यक्ष प्रयास वुमन क्लब श्वेता नायक, अजय सोनी, हैप्पी ग्रुप तामिया, अध्यक्ष जीवन समिति विश्वेश चंदेल, अंतरराष्ट्रीय उपाध्यक्ष आईएआरएफ आयुष सोनी, धनराज सिंह चंदेल, नटनी माई सेवा समिति अमरवाड़ा और सीनियर सॉफ्टवेयर डेवलपर ईश्यासॉफ्ट दुबई राजेश सूर्यवंशी शामिल हैं।