Ramesh Inani Murder Case: चित्तौडगढ़ शहर के बहुचर्चित रमेश ईनाणी हत्याकांड के मुख्य आरोपी रमताराम का पांच दिन का पुलिस रिमांड खत्म होने पर शनिवार को न्यायालय में पेश किया गया। यहां से आरोपी को जेल भेजने का आदेश हुआ।
चित्तौडगढ़। शहर के बहुचर्चित रमेश ईनाणी हत्याकांड के मुख्य आरोपी रमताराम का पांच दिन का पुलिस रिमांड खत्म होने पर शनिवार को न्यायालय में पेश किया गया। यहां से आरोपी को जेल भेजने का आदेश हुआ। पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी ने अपनी फरारी को लेकर कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। करीब छह माह पूर्व प्रताप सेतु मार्ग स्थित कृष्णा नगर निवासी रमेश ईनाणी की हत्या की साजिश रचने के आरोप में रमताराम पिछले छह महीने से फरार चल रहा था।
कोतवाली पुलिस ने बीते रविवार को उसे गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की थी। रमताराम करीब छह महीने तक फरार रहा और फिर भोईखेड़ा क्षेत्र में दो नदियों के संगम पर स्थित एक मंदिर परिसर की घेराबंदी कर दबोचा गया था। बता दें कि 11 नवंबर 2025 को कूरियर व्यवसायी रमेश ईनाणी की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
पुलिस पूछताछ में आरोपी रमताराम ने बताया कि गिरफ्तारी से बचने के लिए उसने साधु का भेष धारण कर लिया था। इस दौरान उसने मध्य प्रदेश और गुजरात में करीब दो हजार किलोमीटर से अधिक की दूरी पैदल तय कर नर्मदा नदी की परिक्रमा की।
आरोपी के इस दावे की तस्दीक करने के लिए पुलिस की एक टीम मध्य प्रदेश और गुजरात के उन स्थानों पर भी गई जहां आरोपी ने फरारी काटी थी। पुलिस ने वहां साक्ष्य जुटाकर इस बात की पुष्टि की है। शनिवार को रिमांड अवधि समाप्त होने पर पुलिस ने आरोपी को कड़े सुरक्षा घेरे में न्यायालय के समक्ष पेश किया। पुलिस द्वारा पूछताछ पूरी होने की बात कहे जाने पर अदालत ने आरोपी रमताराम को न्यायिक अभिरक्षा (जेल) में भेजने के आदेश दिए।
मामले में पुलिस पहले ही तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी थी। मनीष कुमार दुबे (37): मुख्य शूटर, जिसे 12 नवंबर को पकड़ा गया। भजनराम गुरु (37): 8 जनवरी को गिरफ्तारी और अरविंद दुबे: हथियार सप्लाई करने के आरोप में 16 मार्च को पकड़ा गया।
11 नवंबर 2025 की सुबह करीब 11 बजे रमेश ईनाणी अपने घर से स्कूटर पर सवार होकर ऑफिस जा रहे थे। तभी सिटी पेट्रोल पंप के पास बाइक सवार हमलावर ने उन पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी थी। ईनाणी को गंभीर हालत में उदयपुर के अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई थी। पुलिस जांच में सामने आया कि 30 साल पुराने संपत्ति विवाद के कारण हत्या की गई थी। क्योंकि आरोपी रामताराम का ईनाणी के साथ लंबे समय से विवाद चल रहा था और रामताराम ने ईनाणी को रास्ते से हटाने के लिए शूटर हायर किए थे।