पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ गुरुवार को सादुलपुर के दौरे पर रहे। इस दौरान उन्होंने पारिवारिक और सामाजिक मूल्यों को लेकर आमजन से लेकर जनप्रतिनिधियों से खुलकर संवाद किया। उन्होंने कहा कि मुझे तो दाढ़ी वालों से बहुत डर लगता है।
सादुलपुर/चूरू। पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ गुरुवार को सादुलपुर के दौरे पर रहे। इस दौरान उन्होंने पारिवारिक और सामाजिक मूल्यों को लेकर आमजन से लेकर जनप्रतिनिधियों से खुलकर संवाद किया। उन्होंने कहा कि मुझे तो दाढ़ी वालों से बहुत डर लगता है। मेरा तो ओएसडी भी कई बार दाढ़ी बढ़ा लेता है।
पूर्व उपराष्ट्रपति के इस बयान की सियासी गलियारों में तरह-तरह की चर्चाएं हैं। धनखड़ यहां पूर्व सांसद रामसिंह कस्वा व पूर्व विधायक कमला कस्वा के स्वास्थ्य का हालचाल जानने पहुंचे थे। धनखड़ ने सांसद राहुल कस्वा के परिवार के सदस्यों के साथ रामा-श्यामा कर पुरानी यादें भी साझा कीं।
धनखड़ ने कहा कि जब उन्होंने अपने पद का त्याग किया तो उन्होंने कभी नहीं कहा कि वह बीमार हैं। लक्ष्मी की अहमियत हर चीज में है, लेकिन आसानी से पचती नहीं है। किसी व्यापारी से पूछोगे कि बच्चा आइसीयू में भर्ती है, तो भी व्यापारी यही पूछेगा कि कितने टका सुधार है। मतलब लक्ष्मी की अहमियत हर चीज में है, लेकिन राजनीति में नहीं है।