Mohammed Shami Latest News: मोहम्मद शमी हाल ही में घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं, लेकिन फिर भी उन्हें न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज की टीम से बाहर कर दिया गया। इस पर शमी के कोच बदरुद्दीन सिद्दीकी नाराजगी व्यक्त की है।
Mohammed Shami Latest News: मोहम्मद शमी को हाल ही में सभी फॉर्मेट में नजरअंदाज किया गया है और सेलेक्टर्स ने उनकी फॉर्म और फिटनेस पर सवाल उठाए हैं। इस तेज गेंदबाज ने भारत के लिए आखिरी बार 2025 चैंपियंस ट्रॉफी में खेला था, जिसमें उन्होंने 9 विकेट लिए थे, जिसमें एक पांच विकेट का हॉल भी शामिल था। इसके बावजूद वह टीम इंडिया से बाहर हैं। शायद वह अगली पीढ़ी पर ध्यान दे रहे हैं। शमी के कोच बदरुद्दीन सिद्दीदी ने इस पर नाराजगी व्यक्त करते हुए कड़ी प्रतिक्रिया दी है।
मोहम्मद शमी घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं, लेकिन फिर भी उन्हें न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज के लिए नहीं चुना गया। पिछले तीन महीनों में वह घरेलू क्रिकेट में देश के सबसे अच्छे तेज गेंदबाजों में से एक रहे हैं। चार रणजी ट्रॉफी में उन्होंने हर पारी में औसतन 20 ओवर फेंके और 18.60 के औसत से 20 विकेट लिए। वहीं, सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी के सात मैचों में 16 विकेट लिए। जबकि, विजय हजारे ट्रॉफी के पांच मैचों में वह 22.50 के औसत से 11 विकेट ले चुके हैं।
मोहम्मद शमी के कोच बदरुद्दीन सिद्दीकी ने द इंडियन एक्सप्रेस से बातचीत में शमी को टीम से बाहर किए जाने पर दुख जताते हुए कहा कि उसके पास पहले से ही कला, विकेट, फिटनेस और फॉर्म है। इसके अलावा उसे और क्या साबित करने की जरूरत है? मुझे बस समझ नहीं आ रहा कि क्यों? बदरुद्दीन ने कहा कि शमी ने एक अलग रास्ता अपनाया है। वह उन कई खिलाड़ियों से अलग है, जो टीम में हैं और एक या दो घरेलू मैच खेलते हैं, अपनी फिटनेस साबित करते हैं और फिर तुरंत टीम में वापस आ जाते हैं।
कोच ने शमी की जल्द वापसी की भविष्यवाणी करते हुए कहा कि वह बहुत अच्छी शेप में है और बहुत अच्छी लय में गेंदबाज़ी कर रहा है। जब वह लय में आ जाता है, जब वह आसानी से दौड़ता है तो सब कुछ ठीक हो जाता है। अगर वह इसी तरह गेंदबाज़ी करता रहा तो मुझे यकीन है कि सेलेक्टर्स के लिए उसे नजरअंदाज करना मुश्किल होगा।
शमी को टीम में न लेना इस बात को भी दिखाता है कि भारतीय टीम 50 ओवर फॉर्मेट और टेस्ट क्रिकेट दोनों में अगली पीढ़ी के तेज गेंदबाजों को तैयार करना चाहती है। हाल ही में सेलेक्टर्स युवा तेज गेंदबाजों को तैयार करने और उन पर इन्वेस्ट करने पर ध्यान दे रहे हैं।