
नई दिल्ली। आईपीएल का 11वां संस्करण लगभग खत्म होने वाला है और हर साल की तरह इस साल भी दिल्ली का प्रदर्शन निराशाजनक रहा। दिल्ली के आईपीएल से बाहर हो जाने के बाद दिल्ली के पूर्व कप्तान गौतम गंभीर ने एक चौंका देने वाला खुलासा किया है। जी हां गंभीर का कहना है उन्होंने कभी अपने आप को प्लेइंग इलेवन से बाहर नहीं किया। खराब प्रदर्शन के चलते गंभीर ने दिल्ली की कप्तानी से इस्तीफा दे दिया था और उसके बाद उन्होंने दिल्ली के लिए एक भी मैच नहीं खेला।
मैंने नहीं किया टीम से खुद को बाहर
गंभीर के कप्तानी छोड़ने के बाद टीम के युवा खिलाड़ी श्रेयस अय्यर को कप्तान बनाया गया था और अय्यर के कप्तान बनने के बाद गंभीर ने एक भी मैच नहीं खेला। इस बारे में श्रेयस ने एक बार कहा था के गंभीर ने कप्तानी छोड़ने के बाद अपने आप को टीम से बाहर रखने का फैसला किया था। लेकिन एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार गंभीर का कहना है कि उन्होंने कभी अपने आप को अंतिम एकादश से ड्रॉप नहीं किया था। गंभीर ने कहा, "मैंने खुद को कभी भी प्लेइंग इलेवन से बाहर नहीं रखा। टीम प्रबंधन का यह स्पष्टीकरण गलत है। यह हो सकता है कि टीम प्रबंधन के गेम प्लान के अनुसार, मैं प्लेइंग इलेवन का हिस्सा न रहा हूं। इससे मुझे परेशानी नहीं है। मगर यह कहा जाए कि मैंने खुद को प्लेइंग इलेवन से बाहर रखा। सच यह है कि मैं हर मैच खेलने के लिए तैयार था।" साथ ही गंभीर ने कहा अगर में खुद को टीम से बाहर रखता तो अब तक सन्यास की घोषणा कर चुका होता।
संन्यास लेने का कोई इरादा नहीं
गंभीर का ये बयान बेहद चौंका देने वाला है। इसके अलावा गंभीर ने अपने सन्यास को लेकर भी बयान दिया है। उन्होंने कहा अभी मुझ में बहुत क्रिकेट बाकी है और आगे भी खेलता रहूंगा। बता दें कि गौतम गंभीर ने इस आईपीएल में 6 पारियों में मात्र 85 रन बनाए थे। पिछले कुछ सालों से दिल्ली लगातार खराब प्रदर्शन कर रही है। हालांकि इस साल दिल्ली ने बड़ी उम्मीद के साथ गंभीर को अपनी टीम का कप्तान नियुक्त किया था लेकिन गंभीर भी दिल्ली की किस्मत बदल नहीं पाए और आधे सीजन में ही उन्हें कप्तानी से इस्तीफा देना पड़ा।