अनुभवी कीवी बल्लेबाज Ross taylor ने कहा कि उन्हें नहीं पता कि अगले साल भारत में होने वाला T20 World Cup वह खेल सकेंगे या नहीं।
त्रिनिदाद : कोरोना वायरस (Coronavirus) महामारी के कारण अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट समिति (ICC) ने इस साल ऑस्ट्रेलिया में होने वाले टी-20 विश्व कप (T20 World Cup) एक साल के लिए स्थगित कर दिया है। इसके अलावा भारत और ऑस्ट्रेलिया में होने वाले टी-20 विश्व कप की अदला-बदली भी कर दी है। यानी 2020 में होने वाला विश्व कप 2021 में भारत में होगा और 2021 में होने वाला टी-20 विश्व कप अब 2022 में ऑस्ट्रेलिया होगा। टी-20 विश्व कप एक साल के लिए स्थगित होने के बाद 36 साल के अनुभवी कीवी बल्लेबाज रॉस टेलर (Ross taylor) इस बात को लेकर संशय में हैं कि वह अगले साल विश्व कप खेल पाएंगे या नहीं। टेलर ने कहा कि उन्हें नहीं पता कि अगले साल भारत में होने वाला टी-20 विश्व कप वह खेल सकेंगे या नहीं।
अगले साल 37 साल के हो जाएंगे टेलर
इस साल फरवरी में भारत के ही खिलाफ टेलर ने अपना 100वां टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैच (100th T20I Match) खेला था। अगले साल 37 साल के होने जा रहे टेलर इस पड़ाव पर पहुंचने वाले न्यूजीलैंड के अब तक के पहले और इकलौते खिलाड़ी हैं। कैरीबियन प्रीमियर लीग (Carribean Premier league) खेलने यहां आए टेलर ने एक क्रिकेट वेबसाइट से बात करते हुए कहा कि उम्र के साथ-साथ आप सुस्त हो जाते हैं। ऐसे समय में आपका अभ्यास, अनुभव और दिमाग और अहम हो जाता है। उन्होंने कहा कि सब कुछ अजीब है।
क्रिकेट से इतने समय तक कभी दूर नहीं रहा : टेलर
टेलर ने कहा कि वह इतने लंबे समय तक क्रिकेट से कभी दूर नहीं रहे। उन्होंने कहा कि स्कूल के दिनों के बाद से वह इतने लंबे समय तक कभी क्रिकेट से दूर नहीं रहे हैं। पिछले महीने ही न्यूजीलैंड की पहली ट्रेनिंग कैम्प से टेलर जुड़े थे। अब वह यहां सीपीएल (CPL) के लिए आए हैं। टेलर ने माना कि इस मुश्किल समय में हर किसी के लिए सुरक्षा महत्वपूर्ण हो गया है। क्वारंटाइन में रहने को लेकर कहा कि यह अटपटा है, लेकिन जो है, सो है।
टेलर बोले, सबकुछ अजीब है
सीपीएल का आयोजन 18 अगस्त से 20 सितंबर तक होना है। टेलर इस सीजन में गुयाना अमेजन वॉरियर्स (Guana Amazon Warriors) की ओर से खेलने उतरेंगे। उन्होंने कहा कि सीपीएल हर किसी के लिए अजीब होने जा रहा है। किसी ने भी कुछ समय से क्रिकेट नहीं खेला है। टेलर ने कहा कि उन्हें यकीन है हर कोई परेशान होने वाला है। इसलिए, प्रशिक्षण और शुरुआती मैच बहुत अहम हैं। इसके अलावा खाली स्टेडियम की ओर इशारा करते हुए उन्होंने कहा कि हमें टी-20 क्रिकेट खचाखच भरे स्टेडियमों में खेलने की आदत हो चुकी है। अब खाली मैदान पर खेलने में अजीब लगेगा, लेकिन इसकी भी आदत डालनी होगी।