भारत सरकार ने इसी वर्ष करीब 827 पोर्न वेबसाइट पर बैन लगा दिया, इसके बावजूद एडल्ट कंटेंट देखने के मामले में भारत दुनिया के 20 शीर्ष देशों में तीसरे स्थान पर है।
नई दिल्ली। भारत सरकार ने चाइल्ड पोर्नोग्राफी को रोकने के लिए एक बड़ा और ऐतिहासिक कदम उठाया है। लेकिन एक रिपोर्ट से ऐसा लगता है कि सरकार का यह कदम पर्याप्त नहीं है। सरकार ने जो कदम उठाया वह असरदार नहीं रहा। दरअसल इसी वर्ष भारत सरकार ने करीब 827 पोर्न वेबसाइट पर बैन लगा दिया है। इसके बावजूद एडल्ट कंटेंट देखने के मामले में भारत दुनिया के 20 शीर्ष देशों में तीसरे स्थान पर है। यह एक बेहद ही चौंकाने वाला और दुर्भाग्य की बात है।
पहले स्थान पर अमरीका
आपको बता दें कि पोर्न वेबसाईट 'पोर्नहब' ने 2018 की अपनी एक रिपोर्ट जारी की है। इस रिपोर्ट के मुताबिक अमरीका पहले स्थान पर है जबकि ब्रिटेन दूसरे नंबर पर और भारत तीसरे नंबर पर है। आगे बताया गया है कि एडल्ट कंटेंट देखने के मामले में चौथे स्थान पर जापान, पांचवें पर कनाडा, छठे पर फ्रांस और सातवें पर जमर्नी है। तो वहीं आठवें स्थान पर इटली, नौवें पर ऑस्ट्रेलिया और दसवें स्थान पर फिलीपींस है।
10 में से तीन महिलाएं देखती हैं एडल्ट कंटेंट
रिपोर्ट में सबसे चौंकाने वाला तथ्य यह सामने आया है कि भारत में एडल्ट कंटेंट देखने के मामले में हर दस में से तीन महिलाएं होती हैं। साथ ही यह भी बताया है कि एक भारतीय औसतन आठ मिनट 23 सेकेंड तक कंटेंट को देखता है। जबकि फिलीपींस में करीब 38 फीसदी महिलाएं एडल्ट कंटेंट देखती हैं। रिपोर्ट में जो सबसे बड़ी वजह बताई गई है वह है डेटा प्लान का सस्ता होना। बताया गया है कि भारत में डेटा प्लान सस्ता होने के कारण लोग मोबाइल में सबसे ज्यादा एडल्ट कंटेंट देखते हैं। इसके अलावे भारतीय लोग इंडियन और हिंदी कीवर्ड से एडल्ट कंटेंट को इंटरनेट पर तलाशते हैं। रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि भारतीय लोग सबसे ज्यादा पोर्ट स्टार से बॉलीवुड अदाकार बनी सनी लियोनी को तलाशते हैं। इसके अलावे मिया खलीफा, मिया माल्कोवा, डैनी डेनियल्स आदि पोर्न कलाकारों के वीडियो की तलाश करते हैं।
सरकार के लिए बढ़ी चुनौती
आपको बता दें कि इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद से सरकार की मुसीबतें बढ़ सकती है। क्योंकि सरकार ने जिस उद्देश्य के साथ पोर्न वेबसाइटों को बैन किया था वह पूरा होता नहीं दिखाई दे रहा है। लोग किसी न किसी तरह से तकनीकी तौर पर उस बाधा को पार करते हुए एडल्ट कंटेंट देख रहे हैं। हालांकि सरकार को अब कोई नया तरीका अपनाना पड़ेगा, जिससे चाइल्ड पोर्नोग्राफी को रोकने में सहायक हो सके और अपने उस लक्ष्य का हासिल किया जा सके, जिसके लिए इन वेबसाइटों को बैन किया गया था।