
नई दिल्ली। रेवाड़ी गैंगरेप केस में पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनसे लगातार पुलिस पूछताछ कर रही है। वहीं, इस गैंगरेप में एक के बाद एक कई चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। अब एसआईटी प्रमुख एसपी नाजनीन भसीन ने काफी चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। उन्होंने कहा कि वारदात के वक्त तीन आरोपियों के अलावा कुछ और लोग भी मौजूद थे।
वारदात के वक्त तीन से ज्यादा लोग मौजूद
एसआईटी चीफ ने खुलासा किया कि पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि घटना को अंजाम देने में तीन से ज्यादा लोग शामिल थे। बताया जा रहा है कि, कोठड़ा मालिक और चिकित्सक भी घटना के वक्त मौजूद थे। पुलिस अब जांच कर रही है कि इस वारदात में इनके अलावा और कौन-कौन लोग शामिल थे। उन्होंने कहा कि महिला आयोग की अध्यक्ष के समक्ष इस बात का अंदेशा जताया था कि वारदात में और लोग भी शामिल थे। नाजनीन भसीन के मुताबिक, इस बात को जांच में शामिल किया जा चुका है और इसकी गहराई से जांच की जा रही है। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि वारदात के वक्त तीन से ज्यादा लोग मौजूद थे। उन्होंने बताया कि कोठड़ा मालिक और चिकित्सक को भी गिरफ्तार किया गया है। इससे पहले कोठड़ा मालिक केवल चाबी देने की बात कह रहा था, जबकि जांच में उसकी वहां मौजूदगी मिली। हालांकि, दुष्कर्म की वारदात में शामिल होने के सवाल पर उन्होंने कहा कि यह अभी जांच का सवाल है कि इसमें ये भी शामिल थे या नहीं। इस खुलासे के बाद इस केस में नया मोड़ आ गया है।
पीड़िता ने तीन आरोपियों को बनाया नामजद
गौरतलब है कि गैंगरेप पीड़िता ने अपनी शिकायत में केवल तीन आरोपियों को ही नामजद कराया है, लेकिन इस वारदात में तीन से अधिक लोगों के शामिल होने की आशंका जताई है। इसके आधार पर जांच बढ़ाई जा रही है कि वारदात में कितने लोग शामिल हैं।
यह था मामला...
गौरतलब है कि 12 सितंबर को तीन आरोपियों ने छात्रा का उस समय अपहरण कर लिया, जब वह कोचिंग जाने के लिए घर से निकली थी। इसके बाद लड़की को नशीला पदार्थ पिलाकर उसके साथ दुष्कर्म किया गया। सामूहिक दुष्कर्म के बाद आरोपी, पीड़ित लड़की को महेंद्रगढ़ के एक बस स्टैंड पर अचेत स्थिति में छोड़ गए थे। इस मामले में 16 सितंबर को पुलिस ने तीन मुख्य आरोपियों में से एक नीशू को गिरफ्तार कर लिया था।