
Jitu Patwari दतिया में उपचुनाव का ऐलान होते ही एमपी में राजनैतिक सरगर्मी बढ़ गई है। बीजेपी के साथ ही कांग्रेस ने भी सक्रियता बढ़ा दी है। प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी शनिवार को दतिया में कार्यकर्ता सम्मेलन में पहुंचे। एकजुटता का संदेश देने के लिए वे पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के साथ सम्मेलन में पहुंचे थे। सम्मेलन में बड़ी संख्या में कांग्रेसी उमड़े। इससे उत्साहित प्रदेशाध्यक्ष जीतू पटवारी ने यह कहकर उत्सुकता बढ़ा दी कि “ उम्मीदवार घोषित कर दूं क्या?” कार्यकर्ताओं ने जोश दिखाया तो उन्होंने कहा, “हमारा प्रत्याशी हाथ का पंजा है। उम्मीदवार कोई भी हो, आपको कांग्रेस को जिताना है।” उपचुनाव में पार्टी पूर्व विधायक राजेंद्र भारती की पत्नी या बेटे पर दांव लगा सकती है, सम्मेलन में इसके स्पष्ट संकेते मिले। जीतू पटवारी व दिग्विजय सिंह ने बार- बार कहा कि पूर्व विधायक भारती के साथ अन्याय किया गया है।
दतिया उप चुनाव की घोषणा के बाद दिग्विजय सिंह व जीतू दोनों सार्वजनिक कार्यक्रम में पहली बार एकसाथ दिखे। इसकी विभिन्न प्लेटफार्मों पर बाकायदा तस्वीरें भी साझा कीं। उज्जैन में ट्रस्ट की जमीन को लेकर जीतू और दिग्विजय के बीच अंत:कलह की स्थिति बनी थी। मामले की शिकायत दिल्ली तक हुई, जिसके बाद दोनों फिर साथ दिखने लगे हैं।
सम्मेलन में जीतू पटवारी ने कार्यकर्ताओं को कहा कि महसूस करो राजेंद्र भारती की वेदना को जो जब से चुनाव लड़े तब से अहंकारी रावण उन्हें कभी दिल्ली तो कभी भोपाल की कोर्ट में तारीखें लगवाते रहे हैं। साधुवाद देता हूं दतिया की जनता का जिसमें ढाई साल पहले भाजपा के अहंकार को हाकर कांग्रेस पार्टी पर भरोसा जताया। अब दतिया की जनता उन्हें वापस घर बैठाकर उनकी माफी का जवाब देगी।
सम्मेलन में विधायक सिद्धार्थ कुशवाह, पूर्व मंत्री डॉ. गोविंद सिंह पूर्व मंत्री प्रियव्रत सिंह सहित अन्य मौजूद रहे। सम्मेलन को संबोधित करते हुए जीतू पटवारी ने उम्मीदवार की घोषणा करने की बात पूछी। जब कार्यकर्ता जोश में चिल्लाए कि घोषित कर दो तो पटवारी ने कहा कि हमारा उम्मीदवार हाथ का पंजा होगा।
दतिया उपचुनाव को लेकर चुनाव आयोग भी सक्रिय है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय ने दतिया कलेक्टर और जिला निर्वाचन अधिकारी स्वप्निल वानखेड़े से बूथवार रिपोर्ट मांगी है। उन्हें पत्र लिखकर यह निर्देश भी दिए कि प्रत्येक बूथ का दौरा कर यह सुनिश्चित किया जाए कि कहीं किसी भी प्रकार असुविधा नहीं हो।