Dausa-Gangapur City railway Track: करीब डेढ़ साल पूर्व शुरू हुए दौसा-गंगापुर सिटी रेलवे ट्रैक के विद्युतीकरण कार्य में तेजी आई है।
लालसोट। करीब डेढ़ साल पूर्व शुरू हुए दौसा-गंगापुर सिटी रेलवे ट्रैक के विद्युतीकरण कार्य में तेजी आई है। उत्तर पश्चिम रेलवे ने इसे अपनी प्राथमिक परियोजनाओं में शामिल किया है। जिस गति से काम चल रहा है, उससे संकेत मिल रहे हैं कि यह कार्य तय समय से पहले पूरा हो सकता है।
रेलवे ने इस परियोजना को 143 करोड़ रुपए की लागत से मार्च 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा है, लेकिन संबंधित अधिकारी इसे जनवरी या फरवरी 2026 तक पूरा करने की दिशा में प्रयासरत हैं। इसके पूरा होने के बाद दौसा से गंगापुर सिटी के बीच इलेक्ट्रिक इंजन से यात्री और मालगाड़ियों का संचालन शुरू हो जाएगा।
रेलवे ने इस ट्रैक पर पिछले वर्ष ट्रेन संचालन शुरू करने के साथ ही विद्युतीकरण की तैयारी भी आरंभ कर दी थी। निविदा प्रक्रिया पूरी होने के बाद संवेदक ने कार्य शुरू किया। अब तक दौसा से सलेमपुरा-अरण्या रेलवे स्टेशन तक पोल खड़े कर विद्युत लाइन खींचने का काम पूरा कर लिया गया है। वर्तमान में सलेमपुरा से लालसोट के बीच कार्य तेजी से जारी है।
उल्लेखनीय है कि दौसा-गंगापुर रेल परियोजना को वर्ष 1996-97 में स्वीकृति मिली थी, लेकिन इसे पूर्ण होने में ढाई दशक से अधिक समय लग गया। गत वर्ष 16 मार्च को आचार संहिता लागू होने से कुछ घंटे पहले इस ट्रैक पर पहली यात्री गाड़ी का संचालन शुरू किया गया था।
दौसा-गंगापुर रेलवे ट्रैक पर डिडवाना में ट्रैक्शन सबस्टेशन (टीएसएस) का निर्माण कार्य भी जोर-शोर से चल रहा है। यहीं से पूरे ट्रैक को विद्युत आपूर्ति की जाएगी। हाल ही में यहां 100 एमवीएम का एक बड़ा ट्रांसफार्मर पहुंच चुका है, जिसका इंस्टॉलेशन किया जा रहा है। बताया जा रहा है कि आगामी दिनों में 100 एमवीएम का एक और ट्रांसफार्मर यहां स्थापित किया जाएगा।
दौसा-गंगापुर रेलवे ट्रैक के विद्युतीकरण के बाद यह मार्ग दिल्ली-अहमदाबाद और दिल्ली-मुंबई जैसे व्यस्ततम रेलवे ट्रैकों से जुड़ जाएगा, जिससे क्षेत्रीय विकास को नई दिशा मिलेगी। लंबी दूरी की ट्रेनों का संचालन भी इस मार्ग से संभव होगा। स्थानीय यात्रियों को बड़े शहरों तक आवागमन में सुविधा मिलेगी और उद्योग-धंधों के विस्तार की राह खुलेगी। रेलवे ने इस ट्रैक पर बनियान स्टेशन पर माल ढुलाई के लिए बड़ा यार्ड बनाया है, जबकि लालसोट और मंडावरी की बड़ी कृषि उपज मंडियों के कारण रेलवे अधिकारी यहां भी उद्यमियों से माल ढुलाई को लेकर बातचीत कर चुके हैं।
दौसा-गंगापुर ट्रैक के विद्युतीकरण से रेलवे नेटवर्क को सीधा लाभ मिलेगा। इसके बाद पंजाब, हरियाणा, अलवर, दौसा, गंगापुर सिटी, कोटा, इंदौर, भोपाल, नागपुर, रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर, हैदराबाद, बेंगलुरू और चेन्नई तक जाने वाली कई ट्रेनों को इसी मार्ग से संचालित किया जा सकेगा। इससे ट्रेनों के संचालन समय और लागत दोनों में कमी आएगी। फिलहाल ये गाड़ियां जयपुर होकर गुजरती हैं। कुछ माह पूर्व मथुरा से गंगापुर सिटी तक चलने वाली यात्री गाड़ी को कोटा तक बढ़ाकर फिर से शुरू करने की संभावना भी जताई जा रही है।