सड़क खुदाई करने के बावजूद कार्य शुरू नहीं करने से अब नालियों का बदबूदार पानी ओवरफ्लो होकर खुदाई की गई सड़क के निचले भाग में जमा हो गया है।
मेहंदीपुर बालाजी. कस्बे में हो रहे विकास कार्यों की कछुआ चाल से श्रद्धालुओं को परेशानी हो रही है। मंदिर के सामने सप्ताहभर पूर्व सड़क खुदाई करने के बावजूद कार्य शुरू नहीं करने से अब नालियों का बदबूदार पानी ओवरफ्लो होकर खुदाई की गई सड़क के निचले भाग में जमा हो गया है।
जानकारी के अनुसार राज्य सरकार व राज्यसभा सांसद विजय गोयल ने जलभराव की समस्या से निजात दिलाने के लिए करीब 9 करोड़ रुपए का बजट स्वीक़त किया। इस पर उदयपुरा तिराहे के पास व टोडाभीम रोड स्थित सब्जी मंडी के पास चेन लगाकर मंदिर के सामने से दुपहिया व चौपहिया वाहनों का आवागमन पूर्णत: बंद कर दिया तथा मंदिर के सामने की सड़क के एक ओर बांस के बेरिकेड्स लगाकर श्रद्धालुओं के आवागमन के लिए गैलरीनुमा वैकल्पिक मार्ग भी तैयार किया था।
जेसीबी ने सड़क के बीचों-बीच करीब तीन फीट तक खुदाई कर मलबा हटाया तथा नाला निर्माण के लिए सीमेंट के दर्जनभर से अधिक ब्लॉक भी मंदिर के आसपास रख दिए। इसके बावजूद कार्य शुरू नहीं किया गया।
फिर अटका प्लान
राजस्थान धरोहर संरक्षण व प्रोन्नति प्राधिकरण के अध्यक्ष ओंकारसिंह लखावत ने बारिश आने से पूर्व मई माह के अंत तक मंदिर के सामने वाले हिस्से में सीमेंट के ब्लॉक डालकर कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए थे।
इसके बाद जल संसाधन विभाग के निर्देशन में अतिक्रमण हटाकर कार्य शुरू कर दिया, लेकिन विभाग के उच्चाधिकारियों द्वारा प्लान पर अंतिम मुहर नहीं लगाने से सड़क खुदाई को अधूरा छोड़ दिया गया।
शनिवार शाम उपखण्ड अधिकारी शैफाली कुशवाह ने कार्यस्थल पहुंचकर जल संसाधन विभाग को सुधार के निर्देश दिए। जेईएन ने बताया कि प्लान में तकनीकी खामी के चलते मंजूरी अटक गई थी। जल्द ही मंजूरी मिलने के बाद कार्य को गति प्रदान कर बारिश से पहले पूरा करने का प्रयास किया जाएगा।