Operation Prahar : एसटीएफ ने भाजपा पार्षद हत्याकांड में फरार चल रहे मध्य प्रदेश के एक कुख्यात शूटर को दबोचने में सफलता पाई है। आरोपी पर पुलिस ने 25000 रुपये का ईनाम घोषित कर रखा था। आरोपी को न्यायिक हिरासत में जेल भेजा जा रहा है।
Operation Prahar : एसटीएफ ने पार्षद पार्षद प्रकाश धामी हत्याकांड में लंबे समय से फरार चल रहे रिंकू शर्मा उर्फ पंडित को गिरफ्तार किया है। बता दें कि 12 अक्तूबर 2020 को उत्तराखंड के रुद्रपुर के भदईपुरा वार्ड-13 में भाजपा पार्षद प्रकाश सिंह धामी की उनके घर के बाहर दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। सुबह करीब नौ बजे एक आई-10 कार में सवार बदमाश भदईपुरा पहुंचे थे। एक युवक ने पार्षद धामी को घर से बाहर बुलाया और बातचीत में उलझा लिया। इसी दौरान कार सवार अन्य बदमाश मौके पर पहुंचे और उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। हमलावरों की गोलियां पार्षद धामी के सिर, गले और सीने को चीर गईं थी। गंभीर रूप से घायल पार्षद ने जान बचाने के लिए भागने का प्रयास किया, लेकिन बदमाशों ने उनका पीछा कर उन्हें मौत की नींद में सुला दिया था। घटना को अंजाम देने के बाद बदमाश फरार हो गए थे। ये पूरी वारदात पास में लगे एक सीसीटीवी में कैद हो गई थी। उसी समय पुलिस ने बदमाशों की शिनाख्त कर ली थी। पुलिस जांच में सामने आया था कि मध्य प्रदेश के जग्गापुरा थाना डिमनी जिला मुरैना निवासी 32 वर्षीय शूटर रिंकू शर्मा उर्फ पंडित पुत्र मुकेश शर्मा ने पार्षद की हत्या के लिए 4 लाख रुपये की सुपारी ली थी। तब से पुलिस उसे खोज रही थी, जिसे अब उत्तराखंड एसटीएफ ने गिरफ्तार कर कर लिया है। इस मामले में छह बदमाश पूर्व में ही गिरफ्तार हो चुके हैं।
पुलिस जांच में यह तथ्य सामने आया था कि यह हत्या राजनीतिक रंजिश और क्षेत्रीय वर्चस्व की लड़ाई का परिणाम थी। हत्याकांड को अंजाम देने के लिए मध्य प्रदेश और यूपी से पेशेवर शूटर बुलाए गए थे। पुलिस सात में से छह शूटरों को गिरफ्तार कर चुकी थी। लेकिन रिंकू शर्मा लगातार ठिकाने बदल पुलिस की आंखों में धूल झोंकता रहा। एसटीएफ ने ऑपरेशन प्रहार के तहत रिंकू शर्मा को रुद्रपुर से गिरफ्तार किया है।
एसटीएफ के एसएसपी अजय सिंह के मुताबिक पार्षद प्रकाश धामी हत्याकांड में शामिल रिंकू शर्मा लगातार अपनी लोकेशन बदल रहा था। इसके चलते वह पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ पा रहा था। एसटीएफ ने उसकी गिरफ्तारी के लिए तगड़ा जाल बिछाया हुआ था। विशेष रणनीति बनाकर तकनीकी सर्विलांस, मानव स्रोतों से प्राप्त सूचनाओं और भौतिक साक्ष्यों का लगातार विश्लेषण किया जा रहा था। पिछले करीब एक माह से एसटीएफ रिंकू शर्मा की गतिविधियों पर लगातार निगरानी बनाए हुए थी। आज एसटीएफ को सूचना मिली कि रिंकू शर्मा रुद्रपुर में मौजूद है। सूचना मिलते ही एसटीएफ ने उसे धर दबोचा।
एसटीएफ के एसएसपी के मुताबिक रिंकू शर्मा पर मध्य प्रदेश, यूपी और उत्तराखंड में हत्या, हत्या का प्रयास , लूट, डकैती, रंगदारी और गैंगस्टर के करीब एक दर्जन से अधिक मुकदमे पंजीकृत हैं। बदमाश को गिरफ्तार करने वाली टीम में निरीक्षक एमपी सिंह, एसआई प्रकाश भगत, हेडकांस्टेबल गोबिंद बिष्ट, सिपाही, गुरवंत सिंह, मोहित वर्मा, सुरेन्द्र कनवाल, दुर्गा सिंह पापड़ा, रुद्रपुर कोतवाल मनोज रतूड़ी, एसआई, चन्दन सिंह बिष्ट, अमित कुमार और रघुनाथ सिंह शामिल रहे।