
Rahul Gandhi meets Arpit Jaj family: मध्यप्रदेश के इंदौर में आयोजित 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम के दौरान मंच पर राहुल गांधी से मिलने के लिए देवास के अर्पित जाज का परिवार भी पहुंचा। इस दौरान दिवंगत बेटे अर्पित की तस्वीर हाथ में लिए पिता व दादा और बहन राहुल गांधी से बात करते वक्त अपनी भावनाओं को रोक नहीं पाए और उनके आंसू छलक पड़े। राहुल गांधी ने परिवार को सांत्वना दी और मदद करने की बात कही। राहुल ने कहा कि अगर हम कोई मदद कर सकें तो जरुर बताइयेगा।
मंच पर पहुंचते ही दिवंगत अर्पित के परिजनों ने राहुल गांधी को बताया कि दिल्ली में हुए बिल्डिंग हादसे ने उनसे अर्पित को हमेशा के लिए छीन लिया है। अर्पित की बहन प्रियांशी ने अपनी बात रखते हुए कहा कि सिस्टम की वजह से ये हुआ है। उसकी क्या गलती थी, वो तो वहां पर रह रहा था। फेल सिस्टम की वजह से बच्चों को पढ़ने के लिए दूर जाना पड़ रहा है, और उन्हें यह सब देखना पड़ता है। कैसे भी करके परिवार बच्चे को भेज रहे हैं। ऐसा सब कुछ फेल सिस्टम के कारण हो रहा। पिता भूपेंद्र जाज ने कहा कि बच्चे के बड़े सपने थे। वह बीएससी कर रहा था। बड़ी मुश्किल से मैंने उसे वहां पहुंचाया था। आज इतने दिन हो चुके हैं लेकिन अभी तक किसी ने भी हमारी खोज खबर तक नहीं ली है। परिवार ने राहुल गांधी से कहा, हमारा तो चिराग बुझ चुका है, लेकिन आप ऐसा कुछ करें कि अब किसी के घर का चिराग न बुझे।
अर्पित जाज के परिजनों की राहुल गांधी ने पूरी बात सुनी, अर्पित की बहन से भी उसकी पढ़ाई के बारे में पूछा और फिर परिवार को सांत्वना दी। इसके साथ ही राहुल गांधी ने परिवार से कहा कि अगर हम कुछ मदद कर सकें तो जरुर बताइयेगा। राहुल गांधी ने कार्यक्रम के बाद परिवार से उनसे मिलने की बात भी कही और अपनी टीम के मेंबर से मिलने के लिए कहा।
देवास के रहने वाले अर्पित जाज दिल्ली में दिल्ली यूनिवर्सिटी से सम्बद्ध आत्माराम सनातन धर्म कॉलेज में पढ़ाई कर रहा था। रक्षाबंधन पर वह घर आया था। शनिवार 5 सितंबर को ही वो देवास से दिल्ली के लिए रवाना हुआ था और रविवार सुबह दिल्ली पहुंचा था। अर्पित अपने कमरे में था तभी दोपहर में अचानक बिल्डिंग गिर गई और अर्पित मलबे में दब गया। हादसे की सूचना मिलते ही रविवार को ही पिता दिल्ली पहुंचे, पिता का कहना है कि कई प्रयासों के बाद अर्पित के निधन की सूचना मिली।