
धमतरी. धमतरी जिले में प्रधानमंत्री सम्मान निधि योजना के तहत एक बड़ी गफलत सामने आई है। यहां 22 हजार से ज्यादा अपात्र किसानों और आय करदाताओं को योजना के तहत लाभान्वित कर दिया गया हैं, जबकि इनमें से कई लोग जनप्रतिनिधि, शासकीय अधिकारी-कर्मचारी हैं। इनसे करीब 35 करोड़ रुपए वसूलने के लिए कृषि विभाग के हाथ-पांव फूल रहे हैं।
उल्लेखीय है कि केन्द्र सरकार की ओर से पात्रता रखने वाले किसानों को प्रधानमंत्री सम्मान निधि योजना के तहत सालाना 6 हजार रुपए दिया जाता हैं। यह राशि चार-चार महीने के अंतराल में तीन किश्तों में 2-2 हजार रुपए मिलता हैं, लेकिन धमतरी में कृषि विभाग ने कमाल ही कर दिया।
पीएम सम्मान निधि योजना के तहत हजारों ऐसे अपात्र किसानों को भी लाभ पहुंचा दिया गया है, जो इसके लिए पात्रता ही नहीं रखते। ऐसे हजारों किसानों के खातों में करीब 35 करोड़ रुपए से ज्यादा राशि डाल दिया गया हैं। अब केन्द्र सरकार ने ऐसे अपात्र किसानों से राशि वसूली के लिए फरमान सुना दिया है। ऐसे में अपात्र किसानों से वसूली में कृषि विभाग के अधिकारियों के हाथ-पांव फूलने लगे हैं।
कृषि विभाग के सूत्रों के अनुसार धमतरी जिले में कुल 22 हजार 243 अपात्र किसानों को लाभ पहुंचाया गया है। प्रत्येक किसानों के खाते में सालाना 6-6 हजार रुपए डाला गया हैं। इस तरह केन्द्रीय योजना से करीब 35 करोड़ 60 लाख 74 हजार रुपए अपात्र किसानों के खाते में डाल दिया गया। जिले में अपात्र 22 किसानों ने अब तक 2 लाख 76 हजार रुपए की राशि शासन के खाते में जमा कराई है। बाकी किसान बार-बार नोटिस के बाद भी राशि जमा कराने आगे नहीं आ रहे हैं।
1960 आय करदाताओं ने भी लिया लाभ
इसी तरह धमतरी जिले में धमतरी, कुरूद, नगरी, मगरलोड, भखारा, बेलरगांव, कुकरेल तहसील क्षेत्र में 1960 ऐसे लोगों को भी लाभ पहुंचाया गया है, जो आय करदाता हैं। इन अपात्र किसानों में कई लोग जनप्रतिनिधि, सरकारी अधिकारी-कर्मचारी हैं। इनसे शासन को करीब 2 करोड़ 36 लाख 16 हजार रुपए वसूलना है। इसमें अब 216 किसानों ने 17 लाख 16 हजार रुपए जमा कराया है।
मैदानी अमला जांच के घेरे में
उल्लेखनीय है कि पीएम सम्मान निधि योजना के तहत केन्द्र सरकार की ओर से जो नियमावली जारी की गई है, उसमें पात्र-अपात्र के बारे में स्पष्ट जानकारी दी गई थी। इसके बावजूद कृषि और राजस्व विभाग के मैदानी अमला पटवारी, आरआई, ग्रामीण कृषि विभाग अधिकारियों ने इस पर ध्यान नहीं दिया और आंख मूंदकर अपात्र किसानों को भी लाभान्वित किया। इनकी मनमानी से आज शासन की 35 करोड़ रुपए की गफलत सामने आई है।
धमतरी जिले में करीब 22 हजार से ज्यादा अपात्र किसानों से 35.60 करोड़ रुपए वसूलना है। राशि जमा करने अब तक तीन बार नोटिस दिया जा चुका है। राजस्व विभाग की मदद से वसूली की कार्रवाई की जाएगी।