MP Railway News: इंजन के आगमन पर रेलवे स्टेशन पर उत्सव जैसा माहौल रहा। ‘रेल लाओ महासमिति’ के पदाधिकारियों और नागरिकों ने तिरंगा लहराया।
MP Railway News:धार में बुधवार का दिन ऐतिहासिक बन गया, जब पहली बार रेल इंजन ने पीथमपुर से धार के बीच बने नए ट्रैक (Pithampur-Dhar track) पर दौड़ लगाई। 38 किमी की दूरी को इंजन ने महज 53 मिनट में तय कर लिया। जैसे ही सुबह 11: 05 बजे सिटी बजाते हुए इंजन धार रेलवे स्टेशन में दाखिल हुआ, लोगों की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। स्टेशन पर मौजूद नागरिकों ने इंजन और उसमें सवार रेलवे अधिकारियों का जोरदार स्वागत किया। कई लोग इस ऐतिहासिक पल को अपने मोबाइल कैमरे में कैद करते नजर आए और सेल्फी लेकर सोशल मीडिया पर साझा की।
यह नजारा इस बात का प्रमाण था कि धार के लिए रेल परियोजना सिर्फ एक सुविधा नहीं, बल्कि लंबे समय से जुड़ा सपना है। रेलवे अधिकारियों ने तीन दिवसीय ट्रायल के दौरान ट्रैक की तकनीकी जांच और सुरक्षा व्यवस्थाओं का सूक्ष्म निरीक्षण किया। पहले दिन 30 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली इंजन ने जहां 1 घंटा 50 मिनट में दूरी तय की, वहीं अंतिम दिन 50 किमी प्रति घंटे की गति से यह समय घटकर 53 मिनट रह गया।
इंजन के आगमन पर धार रेलवे स्टेशन पर उत्सव जैसा माहौल रहा। ‘रेल लाओ महासमिति’ के पदाधिकारियों और नागरिकों ने तिरंगा लहराते हुए भारत माता और राजा भोज के जयकारे लगाए। रेलवे अधिकारियों का तिरंगा बैज और दुपट्टा पहनाकर सम्मान किया गया। समिति के अध्यक्ष पवन जैन गंगवाल ने कहा कि यह वह पल है, जिसका इंतजार धार के लोग दशकों से कर रहे थे।
इंदौर से धार के बीच 55 किमी ट्रैक का कार्य लगभग पूरा हो चुका है, लेकिन टीही टनल का निर्माण अभी अंतिम चरण में है। टनल के भीतर करीब 2 किमी ट्रैक बिछाया जाना है, जिसमें से लगभग 1 किमी का काम पूरा हो चुका है। रेलवे अधिकारियों के अनुसार जून तक पूरा ट्रैक तैयार हो जाएगा और इसके बाद इंदौर से धार के बीच ट्रेन संचालन का रास्ता साफ हो जाएगा।
रेलवे का लक्ष्य है कि जुलाई के पहले सप्ताह तक इंदौर-धार के बीच लोकल ट्रेन का संचालन शुरू कर दिया जाए। इससे न केवल आवागमन आसान होगा, बल्कि क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक विकास को भी नई गति मिलेगी।