
सनातन धर्म में श्रीराम भक्त हनुमान को कलयुग के देवता के रुप में माना जाता है। वहीं सप्ताह के दिनों में देवों को मिले स्थान के आधार पर हनुमान जी को भी मंगल का कारक देव माना गया, इसके अलावा कलयुग के जाग्रत और साक्षात देव होने के कारण हनुमान जी को ही शनिवार के दिन भी पूजने का विधान हुआ। कारण शनि के कष्ट निवारण में हनुमान जी की भूमिका प्रमुख मानी जाती है। ऐसे में आज हम आपको मंगलवार के दिन के कुछ ऐसे उपाय बताने जा रहे हैं, जो अमंगल को दूर करने के काम आते हैं।
पंडित सुनील शर्मा के अनुसार मंगलवार का दिन अत्यंत ही शुभ होता है। मान्यता के अनुसार इस दिन अगर हनुमानजी की पूजा अर्चना की जाए तो कुंडली में व्याप्त मंगल दोष भी पूरी तरह से खत्म हो जाता है।
वहीं ज्योतिषशास्त्र के अनुसार अगर इस दिन ज्योतिष में बताए गए कुछ उपायों को अपना लिया जाए तो जीवन में आने वाले सभी तरह के कष्ट दूर हो सकते हैं। ऐसे समझें अमंगल दूर करने के उपाय...
: पंडित शर्मा के मुताबिक ज्योतिषशास्त्र के अनुसार मंगलवार के दिन अगर दान में मिष्ठान दे रहे हैं, तो एक बात ध्यान में रखें। इस दिन किसी भी मीठी वस्तु का दान करते है, तो उसे इस दिन मीठर चीजें खाना नहीं चाहिए। कारण : माना जाता है कि जिस वस्तु का दान किया जाता है उसका कभी भी सेवन नहीं करना चाहिए। वहीं मंगलवार को अगर जरूरतमंदों और असहायों को लाल रंग की मिठाई बांटी जाए तो जीवन में सुख-समृद्धि में वृद्धि होती है।
: इसके अलावा ज्योतिषशास्त्र के अनुसार मंगलवार के दिन कभी भी हवन नहीं करना चाहिए। इस दिन हवन करना पूरी तरह से वर्जित होता है। हालांकि मंगलवार के दिन तांत्रिक हनुमान यंत्र की स्थापना कर सकते हैं। मान्यता है कि ऐसा करने से हनुमानजी प्रसन्न होते हैं। उनकी कृपा से जीवन के सभी कष्ट दूर होने लगते हैं।
: ज्योतिष में माना जाता है कि कोई भी व्यक्ति जो मंगलवार को व्रत करता हो या न करता हो। अगर मंगलववार की पूजा कर लें तो उसे विशेष फल मिलता है। बस ध्यान रखें कि मन में किसी के भी प्रति ईर्ष्या-द्वेष न रखे।
पूरी श्रद्धा से इस दिन हनुमानजी को गुड़ का भोग लगाएं और इस पूजा की समाप्ति के गुड़ गाय को खिला दें। मान्यता है कि ऐसा करने से जीवन में कभी भी अन्न-धन की कमी नहीं होती।
: ज्योतिष उपाय के अनुसार मंगलवार के दिन हनुमानजी को लाल रंग का रुमाल चढ़ाना चाहिए। पूजन समाप्त होने के बाद इस रुमाल को अपने पास रख लेना चाहिए। लेकिन, ध्यान रहें कि यह रुमाल कभी भी प्रयोग में नहीं लाएं।
इसे भगवान का प्रसाद समझकर ही रखें। जब भी किसी जरूरी काम से जाएं तो यह रुमाल ले जाना न भूलें। माना जाता है यह रुमाल आपके बिगड़ते सारे काम बना सकता है। साथ ही इससे जीवन में सुख-समृद्धि भी आती है।