
Skandamata Puja Vidhi Mantra: आज नवरात्रि का पांचवा दिन है। इस दिन मां स्कंदमाता की पूजा की जाती है। ज्योतिषाचार्य धर्मेंद्र शास्त्री ने बताया कि मां दुर्गा का यह स्वरुप मातृत्व, प्रेम, करुणा और संरक्षक का प्रतिक है। ज्योतिषाचार्य बताते है कि मां स्कंदमाता के नाम के भगवान कार्तिकेय के कारण है। भगवान शिव और माता पार्वती के पुत्र भगवान कार्तिकेय का एक नाम स्कंद भी है। जब माता पार्वती भगवान स्कंद की माता बनीं तब उनका यह दिव्य स्वरूप स्कंदमाता कहलाया। मान्यता है कि स्कंदमाता की पूजा परिवार के कल्याण, संतान की मंगलकामना, प्रेम, धैर्य और सद्बुद्धि की प्रार्थना के साथ की जाती है।
मूल मंत्र- या देवी सर्वभूतेषु मां स्कन्दमाता रूपेण संस्थिता।
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः॥
ध्यान मंत्र- सिंहासनगता नित्यं पद्माश्रितकरद्वया।
शुभदास्तु सदा देवी स्कन्दमाता यशस्विनी॥
बीज मंत्र - ॐ ह्रीं क्लीं स्वमिन्यै नमः॥