
Rakhi puja thali items: रक्षाबंधन (Raksha Bandhan 2026) पर अपने भाई की कलाई पर राखी बांधने के लिए बहनें पूजा की थाली सजाती है। इस पूजा की थाली में बहन नौ ग्रहों की सामग्री द्वारा भाई की खुशहाली मांगती है। नौ ग्रहों से यह प्रार्थना करती है कि उसके भाई को अन्न धन लक्ष्मी के साथ दीर्घायु और शुभ फल देना।हिंदू पंचांग के अनुसार इस बार रक्षाबंधन पर्व 28 अगस्त को मनाया जाएगा।
पूरे दिन राखी बांधने के लिए शुभ समय रहेगा, क्योंकि भद्राकाल का साया नहीं रहेगा। पूर्णिमा पर आमतौर पर भद्रा रहती है और भद्राकाल में कोई भी शुभ कार्य करना वर्जित माना जाता है। इसलिए आप खुशीपूर्वक रक्षाबंधन का त्योहार मनाएं। ज्योतिषाचार्य डॉ अनीष व्यास ने बताया कि उदया तिथि की मान्यता के अनुसार रक्षाबंधन 28 अगस्त को मनाया जाएगा।
खास बात यह है कि इस बार रक्षाबंधन पर भद्राकाल का साया नहीं रहेगा, यानी बहनें सुबह से लेकर शाम तक कभी भी अपने भाइयों की कलाई पर राखी बांध सकेंगी। श्रावणी पूर्णिमा पर 28 अगस्त को शतभिषा नक्षत्र, सुकर्मा योग, बव उपरांत कौलव करण तथा मीन राशि के चंद्रमा की साक्षी में मनाया जाएगा। धर्मशास्त्रीय मान्यता के अनुसार बहनें भाई की दीर्घायु, सुख-समृद्धि और मंगलकामना के लिए उसकी कलाई पर रक्षा सूत्र बांधेंगी। शुक्रवार के दिन सुकर्मा योग होने से भी यह दिन विशेष शुभ फलदायी माना जा रहा है।
नौ ग्रह और पूजा की थाली
ज्योतिषाचार्य डॉ. अनीष व्यास बताते है कि इस दिन सभी बहनें अपने भाइयों की कलाई पर राखी बांधने से पहले एक विशेष थाली सजाती है। पूजा की थाली में रखनी चाहिए यह खास 7 चीजें अनिवार्य रूप से होनी चाहिए। रक्षाबंधन पर अपने भाई की कलाई पर राखी बांधने के लिए बहनें पूजा की थाली सजाती है। इस पूजा की थाली में बहन नौ ग्रहों की सामग्री द्वारा भाई की खुशहाली मांगती है। नौ ग्रहों से यह प्रार्थना करती है कि उसके भाई को अन्न धन लक्ष्मी के साथ दीर्घायु और शुभ फल देना।
पूजा की थाली में रखे ये 7 चीजे
कुमकुम- बहन भाई को कुमकुम का तिलक लगाती है जो सूर्य ग्रह से मिलता है और दुआ करती है कि आने वाले साल में भाई को हर प्रकार का यश और ख्याति प्राप्त हो।
चावल- पूजा में चावल को सबसे शुभ माना जाता है। बहन भाई को कुमकुम के तिलक के ऊपर चावल लगाती है जो कि शुक्र ग्रह से मिलता है और दुआएँ करती है कि ष्मेरे भाई के जीवन में हर तरह की शुभता आए और मेरा मेरे भाई से हमेशा प्रेम बना रहे।
नारियल- इसको पूजा में श्रीफल कहा जाता है। यह राहु ग्रह से मिलता है। बहन जब भाई को श्रीफल देती है तो इसका अर्थ है कि आने वाले वर्ष में भाई को सभी प्रकार के सुख सुविधा के मिले।
रक्षा सूत्र राखी-रक्षासूत्र हमेशा दाएँ हाथ की कलाई पर बांधा जाता है। यह मंगल ग्रह से मिलता है जो कहता है कि बहन की दुआएँ हैं कि उसके भाई सभी प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष मुश्किलों से उसकी रक्षा करें।
मिठाई- बहन भाई को मिठाई खिलाती है जो कि गुरु ग्रह से मिलता है और दुआ करती है कि उसके भाई पर लक्ष्मी की कृपा रहे। भाई के संतान और वैवाहिक जीवन भी सुखद रहे। भाई के घर में सभी कार्य निर्विघ्न पूरे हों।
दीपक- फिर बहन भाई की दीपक से आरती करती है जो शनि और केतु ग्रह से मिलता है और दुआएँ करती है कि मेरे भाई के जीवन में आने वाले रोग और कष्ट सभी दूर हों।
जल से भरा कलश - फिर जल से भरे कलश से भाई की पूजा करें जो कि चंद्रमा से मिलता है जिसमें बहन दुआएं करती है कि मेरे भाई के जीवन में मानसिक शांति हमेशा बनी रहे।
बहन को उपहार में क्या दें?
ऊपर की इन 7 चीजों में बहन की दुआओं के साथ आपके 8 ग्रह शुभ होते हैं। अब रहा नवाँ ग्रह बुध। बुध ग्रह को बहन का कारक ग्रह माना गया है। अब आप जो बहन को उपहार देंगे उससे आपका बुध ग्रह शुभ होकर फल देगा। कहते हैं बुध ग्रह जो आपके व्यापार से मिलता है अगर आपकी बहन या भाई की दुआएँ मिल जाए तो आपके व्यापार में वृद्धि कर देता है। इसलिए हमेशा अपनी बहन को गिफ्ट देकर उनकी दुआएं लेते रहें।