धौलपुर

शीतलहर का प्रकोप जारी, चिकित्सा विभाग ने जारी की आमजन के लिए एडवाइजरी

जिले सहित समूचे उत्तर भारत में शीतलहर का प्रकोप जारी है। जिला कलक्टर श्रीनिधि बी टी के निर्देश पर चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने आमजन के लिए शीतलहर से बचाव हेतु आवश्यक दिशा.निर्देश और एडवाइजरी जारी की है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.धर्मसिंह मीणा ने बताया कि आमतौर शीतलहर दिसंबर और जनवरी में घटित होती हैए जिसके चलते सर्द हवाओं के कारण स्वास्थ्य पर विपरीत प्रभाव पडऩे के साथ.साथ यदा कदा जनहानि होने की आशंका भी रहती है। ऐसे में सतर्क रहना आवश्यक है। उन्होंने बताया कि ऐसे समय में कुछ छोटी छोटी सावधानी बरत कर शीतलहर से बचा जा सकता है।

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धौलपुर. जिले सहित समूचे उत्तर भारत में शीतलहर का प्रकोप जारी है। जिला कलक्टर श्रीनिधि बी टी के निर्देश पर चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने आमजन के लिए शीतलहर से बचाव हेतु आवश्यक दिशा.निर्देश और एडवाइजरी जारी की है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.धर्मसिंह मीणा ने बताया कि आमतौर शीतलहर दिसंबर और जनवरी में घटित होती हैए जिसके चलते सर्द हवाओं के कारण स्वास्थ्य पर विपरीत प्रभाव पडऩे के साथ.साथ यदा कदा जनहानि होने की आशंका भी रहती है। ऐसे में सतर्क रहना आवश्यक है। उन्होंने बताया कि ऐसे समय में कुछ छोटी छोटी सावधानी बरत कर शीतलहर से बचा जा सकता है।

शीतलहर से होने वाले दुष्प्रभाव

डॉ.मीणा ने बताया कि शीतलहर का नकारात्मक प्रभाव बुजुर्गों और छोटे बच्चों पर अधिक होता है। शीतलहर से प्रभावित रोगियों के लक्षण में शरीर का ठण्डा पड़ जाना, शरीर का सुन्न पडऩा, नाडी का धीमा व मन्द पड़ जाना, रोऐं खड़े हो जाना व श्वसन तेज चलना आदि होता है। रोगी द्वारा समय पर उपचार नहीं लेने पर रोगी की मृत्यू भी हो सकती है। दिव्यांग व्यक्तियों, दीर्घकालिक बीमारियों से पीडि़त रोगियों, खुले क्षेत्र में व्यवसाय करने वाले छोटे व्यवसायियों के लिए भी शीत लहर के दौरान विशेष सतर्कता बरतना आवश्यक है। इसको दृष्टिगत रखते हुए आमजन को जागरूकता के लिए आवश्यक दिशा.निर्देशों का पालन करना चाहिए।

Published on:
02 Jan 2026 06:49 pm
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