दो किलोमीटर तक फैला गए बजरी से भरी सौ ट्रॉली फायरिंग कर भाग निकले बजरी माफियाएक ट्रेक्टर-ट्रॉली जब्त, तीन हिरासत में
धौलपुर. सैपऊ थाना इलाके के जाकी-सरानी मार्ग पर शनिवार को बजरी माफियाओं ने पुलिस पर पथराव और फायरिंग कर दी। हालांकि वहां पहले से पुलिस की घेराबंदी देख बजरी माफिया रास्ते में ही ट्रॉली से खाली करके भाग निकले। करीब सौ ट्रॉली बजरी खाली कर माफिया चलते बने। पुलिस ने एक ट्रैक्टर-ट्रॉली को जब्त करते हुए तीन जनों को गिरफ्तार किया है। वहीं, सूचना पर क्षेत्र में हडक़ंप मच गया है।
उल्लेखनीय है कि जिले में पिछले लम्बे समय से बजरी माफियाओं का आतंक बना हुआ था। शनिवार सुबह सदर थाना पुलिस, सैपऊ थाना पुलिस, निहालगंज थाना पुलिस और कोबरा फोर्स के साथ जाकी-सरानी मार्ग पर बजरी माफियाओं की घेराबंदी की गई। पुलिस से अपने आप को चंगुल में फंसता देख टै्रक्टर चालक सडक़ मार्ग पर दो किलोमीटर तक ट्रॉली के डाले को खोलकर बजरी को फैलाते चले गए। इस दौरान बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग और पथराव भी किया। पुलिस की कार्रवाई को देख आस पास के गांव के ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। ग्रामीण बोरियों में बजरी को भरकर भी ले जाते दिखाई दिए। बाद में पुलिस ने सडक़ मार्ग को जेसीबी मशीन से साफ करवाया। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि गिरफ्त में आए आरोपितों से पूछताछ की जा रही है।
इनका कहना है
बजरी माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई की गई है। इस दौरान एक टै्रक्टर-ट्रॉली जब्त करने के साथ तीन जनों को हिरासत में लिया गया है। वहीं भारी मात्रा में बजरी जब्त की गई है।
डीडी सिंह, पुलिस अधीक्षक, धौलपुर।
पिछले वर्ष 133 मामलों में 172 गिरफ्तार
पुलिस आंकड़ों के मुताबिक वर्ष 2017 में पुलिस ने अवैध बजरी निकासी के 133 मामले दर्ज किए थे। 172 आरोपित गिरफ्तार किए। इसके अलावा रेता निकासी के लिए प्रयोग में लाए गए 100 ट्रैक्टर, 101 ट्रॉली व 4 ट्रक जब्त किए एवं 32 रेता के स्टॉक पकड़े।
पुलिस पर बजरी बदमाशों के हमले
-वर्ष 2006 में कछियारे में पथराव से पुलिस कर्मी की आंख फूट गई।
-2010 में एसपी सुरेन्द्र कुमार की गाड़ी को मौरोली मोड पर टक्कर मारी
-अक्टूबर 2011 में मौरोली मोड़ पर बजरी माफियाओं की टक्कर से आरएसी के कांस्टेबल की मौत, पुलिस का कांस्टेबल घायल।
-2012 में पीछा करते समय कांस्टेबल महेन्द्र सिंह की मौत।
-सितम्बर 2017 में बसईडांग थाना पुलिस पर पथराव व मारपीट। तीन पुलिसकर्मी घायल।