धौलपुर. जिला मुख्यालय पर अवैध मिट्टी खुदाई और परिवहन पर सख्ती हुई तो अब मिट्टी के सौदागरों ने आसपास के 15 से 20 किलोमीटर क्षेत्र से मिट्टी दोहन शुरू कर दिया है। शहर में इन दिनों मनियां तहसील इलाके से जमकर मिट्टी निकल रही है। ऐसा नहीं कि यह चोरी-छिपे हो, अब तो यह सीधे राष्ट्रीय राजमार्ग आगरा-मुंबई के जरिए धनधनाते हुए ट्रेक्टर-ट्रॉलियों से धौलपुर पहुंच रही है। यहां से सीधे तय आर्डर वाले स्थान पर मिट्टी डाल कर कुछ ही मिनटों में ट्रेक्टर-ट्रॉली चालक निकल भाग रहे हैं। जबकि कुछ दिनों ने खनन और परिवहन विभाग ने चंबल बजरी प्रकरण में सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर खनन क्षेत्र में लगे वाहनों पर अनिवार्य तौर पर जीपीएस सिस्टम लागू करने की बात कही थी। इसके बाद भी मिट्टी के कारोबार से जुड़े लोग ट्रेक्टर-ट्रॉलियों का खूब इस्तेमाल कर रहे हैं। लेकिन इसके बाद भी इन पर कोई लगाम नहीं है।

धौलपुर. जिला मुख्यालय पर अवैध मिट्टी खुदाई और परिवहन पर सख्ती हुई तो अब मिट्टी के सौदागरों ने आसपास के 15 से 20 किलोमीटर क्षेत्र से मिट्टी दोहन शुरू कर दिया है। शहर में इन दिनों मनियां तहसील इलाके से जमकर मिट्टी निकल रही है। ऐसा नहीं कि यह चोरी-छिपे हो, अब तो यह सीधे राष्ट्रीय राजमार्ग आगरा-मुंबई के जरिए धनधनाते हुए ट्रेक्टर-ट्रॉलियों से धौलपुर पहुंच रही है। यहां से सीधे तय आर्डर वाले स्थान पर मिट्टी डाल कर कुछ ही मिनटों में ट्रेक्टर-ट्रॉली चालक निकल भाग रहे हैं। जबकि कुछ दिनों ने खनन और परिवहन विभाग ने चंबल बजरी प्रकरण में सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर खनन क्षेत्र में लगे वाहनों पर अनिवार्य तौर पर जीपीएस सिस्टम लागू करने की बात कही थी। इसके बाद भी मिट्टी के कारोबार से जुड़े लोग ट्रेक्टर-ट्रॉलियों का खूब इस्तेमाल कर रहे हैं। लेकिन इसके बाद भी इन पर कोई लगाम नहीं है।
शहरी क्षेत्र और आसपास मिट्टी पर सख्ती
प्रशासन की ओर से इससे पहले शहरी सीमा और आसपास सटे ग्रामीण क्षेत्र के बीहड़ इलाकों से हो रही मिट्टी दोहन पर कार्रवाई की, जिस पर काफी हद तक रोक लग गई। शहर में सोलह खंभा रोड, तगावली रोड, मचकुंड रोड और सागरपाड़ा के पुराने पुल और शेरगढ़ किले के आसपास की तरफ से मिट्टी का दोहन हो रहा था। लेकिन प्रशासन और वन विभाग की औचक कार्रवाई से इस पर कुछ दिनों से मिट्टी निकासी बंद पड़ी हुई है। वहीं, कुछ लोग अपनी खातेदारी में से मिट्टी निकासी की अनुमति लेने जिला कलक्ट्रेट भी पहुंचे थे लेकिन बात नहीं बन पाई।
कम फेरा लगे तो बड़ी ट्रॉलियां का उपयोग
मिट्टी माफिया के लोग कम लागत में अधिक मुनाफा कमाने के लिए बड़ी साइज की ट्रॉलियों का इस्तेमाल कर रहे हैं। इन ट्रॉलियों की भार क्षमता अधिक होती और इसमें पीछे की तरफ डबल टायर होते हैं। अब इन्हीं ट्रॉलियों के जरिए मनियां समेत आसपास के इलाके से मिट्टी ऊपर तक लाद कर धौलपुर लाई जा रही है। इसी तरह की ट्रॉलियों का इस्तेमाल राजाखेड़ा और सैंपऊ इलाके में अधिक मात्रा में ईंटें लगाने के लिए होता है।
कम दूरी होने से निगाह में नहीं...
मनियां धौलपुर के बीच कम दूरी होने से यह मिट्टी से लदी ट्रॉलियां कम निगाह में आ पाती है। मिट्टी लाने का खेल सुबह से शाम तक चलता है। ज्यादातर मिट्टी सरकारी भूमि और रेलवे ट्रेक के आसपास के बीहड़ इलाके से उठाई जा रही है। वहीं, चारागाह भूमि से भी मिट्टी का दोहन हो रहा है।
- शहर के आसपास जहां से मिट्टी उठ रही थी, उस पर कार्रवाई कर बंद करा दिया। अगर मनियां की तरफ से मिट्टी आ रही है तो जांच करवा कर कार्रवाई की जाएगी।
- वी.चेतन कुमार, डीएफओ धौलपुर