
एक दिन पहले संतुलित आहार करना फायदेमंद रहता है। ऐसी चीजों का इस्तेमाल करें, जिसमें कार्बोहाइड्रेट्स, प्रोटीन और मिनरल्स, जैसे सभी जरूरी घटक हो। एक दिन पहले पर्याप्त मात्रा में पानी पीने के साथ—साथ छाछ, नारियल पानी, फ्रूट जूस और हर्बस का भी यूज करना चाहिए। आइए जानते हैं किस करवाचौथ के एक दिन पहले आपकी थाली में क्या होना चाहिए शामिल।
ब्राउन राइस और बीन्स
करवा चौथ से एक दिन पहले डाइट में कॉम्प्लेक्स कार्बोहाइड्रेट्स शामिल करना चाहिए। इससे लम्बे समय तक एनर्जी बनी रहती है। कार्ब्स दो प्रकार के होते हैं सिंपल और कॉम्प्लेक्स कार्ब्स. सिंपल कार्ब्स की तुलना में कॉम्प्लेक्स कार्ब्स अधिक पोषक तत्वों से भरे होते हैं जो शरीर के लिए आवश्यक हैं। ये रिच फाइबर के होते हैं, इनमें ब्राउन राइस, बीन्स, मोटा अनाज और फाइबर युक्त वेजिटेबल्स एंड फ्रूटस शामिल होते है।
केला, संतर, सेब
ऐसे फलों का इस्तेमाल करना चाहिए, जिनमें रिच फाइबर होने के साथ—साथ वे शरीर में पानी की मात्रा की भी पूर्ति करें। करवा चौथ से एक दिन पहले केला, संतरा, सेब या अन्य फाइबर युक्त फलों का यूज किया जा सकता है।
सूखे मेवें
आप सूखे मेवे भी खा सकते हैं, इससे भी शरीर में ताकत आएगी और आपकी बॉडी अगले दिन फास्ट रखने के लिए तैयार होगी। सूखे मेवोें में सभी तरह के पोषक तत्व होते हैं, जो उर्जा बनाए रहते है।
नारियल पानी
नारियल पानी पोषक तत्वों से भरपूर होता है, इसमें पोटेशियम जैसे आवश्यक इलेक्ट्रोलाइट्स होते हैं, जो हाइड्रेटेड रखने में अहम भूमिका निभाते है। वैसे तो चिकित्सक हर दिन नारियल पानी पीने की सलाह देते हैं, लेकिन यदि आप रोजाना नारियल पानी नहीं पीती, तो करवा चौथ के एक — दिन पहले से इसे पीना शुरू कर दें, इससे आप बेहतर फील करेंगी।
इनके सेवन से बचें
करवा चौथ के एक दिन पहले और व्रत खोलते समय तला—भूना खाने से बचना चाहिए। इससे अगले दिन त्र पेट खराब होने की समस्या झेलनी पड़ सकती है। ज्यादा ठंडी और फ्रीज में रखी चीजों का भी इस्तेमाल न करें, ताजा खाना खाएं ताकि अगले दिन व्रत के लिए पूरी तरह से तैयार रहें।
डिसक्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह किसी क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। इसलिए पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।