
Stomach pain: पेट के कीड़े बहुत-सी परेशानियों का कारण बनते हैं। ये पेयजल से लेकर खानपान में अशुद्धता के चलते पेट को अपना घर बना लेते हैं। ऐसे में इनका निवारण जरूरी है। जानते हैं इसके बारे में-
आंत में कर जाते हैं प्रवेश
वर्म या कृमि शरीर में प्रवेश कर आंतों को अपना घर बना लेते हैं। अचानक से यदि पेट में दर्द उठता है तो यह पेट में कीड़े होने का संकेत है।
पैट, सॉइल, फूड व वॉटर
ये चारों शरीर में वर्म प्रवेश करने का मुख्य स्रोत हैं। पालतु पशुओं, मिट्टी, भोजन और पानी की स्वच्छता का ध्यान रखें। नंगे पैर न घूमें।
ये एहतियात रखें
साफ-सफाई के साथ ही बच्चे साफ कपड़े पहनें, शुद्ध खानपान लें। मिट्टी-पालतू के संपर्क में आने के बाद अच्छी तरह साफ करें।
डी-वर्मिंग का तरीका
इसके लिए 18 साल उम्र तक के बच्चों को वर्ष में दो बार दवाइयां दी जाती हैं। जिन्हें योग्य चिकित्सक की सलाह पर ले सकते हैं।
बच्चों में समस्या
56 प्रतिशत किशोरियों (15-19 वर्ष) और 70 प्रतिशत बच्चों (5 साल से कम) में ये वर्म पाए जाते हैं। इससे उनमें कुपोषण, दूसरी स्वास्थ्य समस्याएं, मानसिक दिक्कतें, शारीरिक विकास प्रभावित होना आदि समस्याएं सामने आ सकती हैं।
डिसक्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह किसी क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। इसलिए पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।