
(रांची): राजधानी रांची समेत राज्यभर में आज विश्वकर्मा पूजा आस्था और उल्लास के साथ मनायी जा रही है। विभिन्न कल-कारखानों में निर्माण और शिल्प के देवता भगवान विश्वकर्मा की पूजा-अर्चना की जा रही है। कई प्रतिष्ठानों में इसे समारोहपूर्वक मनाया गया।
मुख्यमंत्री आवास में भी विश्वकर्मा पूजा समारोह का आयोजन किया गया। इस समारोह में मुख्यमंत्री रघुवर दास भी शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि भगवान विश्वकर्मा से नये झारखंड के निर्माण के लिए आशीर्वाद मांगा।
शिल्प व कला के देवता भगवान विश्वकर्मा की पूजा को लेकर राजधानी रांची समेत राज्यभर में विशेष उत्साह का माहौल दिखा। राजधानी रांची में भगवान विश्वकर्मा की पूजा-अर्चना को लेकर गैरेज, कल-कारखाना, ऑटो स्टैंड, बस स्टैंड, रांची रेलवे स्टेशन,एचईसी, सरकारी बस डिपो, मेकॉन, सीसीएल, सीएमपीडीआई समेत अन्य स्थानों पर पंडाल बनाकर समारोह का आयोजन किया गया। कल-कारखानों, गैरजों में भी विशेष आयोजन किया गया। इसके अलावा कई स्थानों पर विश्वकर्मा पूजा समिति की ओर से पंडाल का निर्माण कराया गया था। रातू रोड, किशोरी यादव चौक, पिस्का मोड़ा, कोकर, मेन रोड, प्लाजा सिनेमा, आईटीआई, बस स्टैंड, बिरसा बस स्टैंड समेत अन्य कल-कारखानों और गैरजों में विश्वकर्मा पूजा धूमधाम से मनायी गयी। मेन रोड स्थित विश्वकर्मा पूजा समिति की ओर से सुबह दरबार का भव्य श्रृंगार फूल-पत्तियों से कर पूजा-हवन , आरती और प्रसाद वितरण किया गया।
भगवान विश्वकर्मा की विशेष महिमा है। इन्हें दुनिया को पहला वास्तुकार भी कहा जाता है। मान्यताओं के अनुसार भगवान विश्वकर्मा देवताओं के शिल्पकार और देव इंजीनियर हैं। माना जाता है कि उन्होंने सतयुग में स्वर्ग लोक,त्रेता में लंका ,द्वापर में द्वारिका और कलयुग में हस्तिनापुर का निर्माण किया ।