
दुर्ग. सेंट्रल जेल के अलग-अलग बैरक में प्रतिबंधित सामान बरामद होने पर जेल अधीक्षक योगेश क्षत्रिय ने मुख्य प्रहरी समेत दो कर्मचारियों को निलंबित कर दिया है। आखिर सामान बैरक तक कैसे पहुंचा, इसकी जांच की जा रही है। जांच स्वयं जेल अधीक्षक कर रहे हैं।
प्रतिबंधित सामान जब्त किया
सेंट्रल जेल में कलेक्टर व एसपी की संयुक्त टीम ने सोमवार को ढाई घंटे तक सघन जांच की थी। पुलिस ने बैरक में बंदियों के पास से प्रतिबंधित सामान जब्त किया था।
जेल अधीक्षक ने देर रात मुख्य प्रहरी नरेन्द्र सार्वा और मंगलवार को जेल प्रहरी सुग्रीत दास को निलंबित कर दिया। जांच के बाद अगर अन्य कर्मचारी दोषी पाए गए है तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
बैरक नंबर 32 में मिला सिम
बैरक नंबर ३२ में मिले मोबाइल के सिम की जांच शुरू कर दी है। एएसपी विजय पाण्डेय ने बताया कि सिम चालू हालत में है। इस सिम के माध्यम से कब और किससे बातचीत की गई है इसकी जानकारी एकत्र की जा रही है।
दो किया निलंबित
इस बात की भी जांच की जा रही है कि बातचीत के समय मोबाइल किस टावर से कनेक्ट था। जेल अधीक्षक योगेश क्षत्रिय ने बताया कि जेल में प्रतिबंधित सामान मिला है। जांच रुटीन में की गई है। हमने प्रथम दृष्टया दो कर्मचारियों को दोषी पाते हुए निलंबित कर दिया है। एक मुख्य प्रहरी व दूसरा प्रहरी है। मामले की जांच की जा रही हैं।