शिक्षा

Separate Toilet For Girls : भारत में इतने प्रतिशत स्कूलों में छात्राओं के लिए हैं अलग शौचालय की व्यवस्था, इन तीन राज्यों ने हासिल किया 100% का लक्ष्य

Separate Toilet For Girls : केंद्र सरकार के अनुसार सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों में छात्रों के लिए 2.5 लाख और छात्राओं के लिए 2.9 लाख शौचालय का...

2 min read

Separate Toilet For Girls : स्कूली शिक्षा और व्यवस्था से जुड़ी जरुरी जानकारी सामने आई है। सुप्रीम कोर्ट में दायर एक जनहित याचिका में केंद्र सरकार ने हलफनामा दायर करते हुए यह जानकारी दी है कि देश के 97.5 प्रतिशत से अधिक स्कूलों, जिनमें सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त और निजी स्कूल शामिल हैं, उनमें छात्राओं के लिए अलग शौचालय की व्यवस्था की गई है। गौरतलब है कि ऊंची कक्षाओं में छात्राओं की पढ़ाई छोड़ने का एक बड़ा कारण स्कूलों में छात्राओं के लिए अलग शौचालय की सुविधा न होना था।

Separate Toilet For Girls : इन तीन राज्यों ने हासिल किया 100% लक्ष्य


केंद्र सरकार के इस जवाब में यह भी बताया गया है कि दिल्ली, गोवा और पुडुचेरी जैसे राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने 100 प्रतिशत लक्ष्य हासिल किया है। वहीं जनसंख्या के लिहाज से देश का सबसे बड़ा प्रदेश उत्तर प्रदेश के 98.8 स्कूलों में छात्राओं के लिए है अलग शौचालय की व्यवस्था है। वहीं बंगाल ने 99.9 प्रतिशत, पंजाब - 99.5 प्रतिशत और बिहार ने बिहार ने 98.5 प्रतिशत लक्ष्य हासिल किया है। राजस्थान ने 98 प्रतिशत का लक्ष्य हासिल किया है।

Separate Toilet For Girls : सामाजिक कार्यकर्ता ने दायर की थी जनहित याचिका


कांग्रेस नेता और सामाजिक कार्यकर्ता जया ठाकुर ने एक जनहित याचिका दायर की थी, जिसमें केंद्र और राज्यों को कक्षा 6 से 12 तक की छात्राओं को मुफ्त सैनिटरी पैड उपलब्ध कराने की व्यवस्था साथ ही सभी सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त और आवासीय स्कूलों में अलग महिला शौचालय की सुविधा देने की मांग की गई थी। जिसमें सुप्रीम कोर्ट(Supreme Court) ने केंद्र सरकार से हरूरी जवाब मांगा था।

Separate Toilet For Girls : छात्राओं के लिए 2.5 लाख शौचालय का निर्माण कराया गया


केंद्र सरकार के अनुसार सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों में छात्रों के लिए 2.5 लाख और छात्राओं के लिए 2.9 लाख शौचालय का निर्माण किया गया है। साथ ही आठ जुलाई को केंद्र ने शीर्ष अदालत को सूचित किया था कि स्कूल जाने वाली किशोरियों को सैनिटरी पैड (Sanitary Pads) उपलब्ध कराने पर राष्ट्रीय नीति तैयार किया जा रहा है। यह तैयारी अंतिम चरण में है।

Updated on:
04 Nov 2024 05:41 pm
Published on:
04 Nov 2024 04:52 pm
Also Read
View All

अगली खबर