CBSE ने अपनी एडवाइजरी में दो टूक कहा है कि जो भी व्यक्ति परीक्षा से जुड़ी झूठी जानकारी फैलाएगा, उसके खिलाफ आईटी एक्ट समेत अन्य कानूनी धाराओं में कार्रवाई की जाएगी।
CBSE Board Exam 2026: देशभर में 17 फरवरी 2026 से सीबीएसई की 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाएं शुरू हो चुकी हैं। लाखों छात्र इन दिनों अपने भविष्य की अहम परीक्षा दे रहे हैं। ऐसे समय में सोशल मीडिया पर ‘प्रश्न पत्र लीक’ जैसी अफवाहें फिर से तैरने लगी हैं। इसलिए परीक्षा के बीच में CBSE ने निर्देश जारी किये हैं। बोर्ड ने साफ शब्दों में कहा है कि इंटरनेट पर वायरल हो रहे किसी भी तथाकथित ‘लीक पेपर’ पर भरोसा न करें। बोर्ड का कहना है कि कुछ लोग जानबूझकर छात्रों और अभिभावकों को भ्रमित कर रहे हैं। पुराने प्रश्न पत्रों को एडिट कर नया बताना, फर्जी पीडीएफ बनाकर शेयर करना या यूट्यूब-टेलीग्राम पर क्लिकबेट चलाना ये सब एक सुनियोजित गड़बड़ी है।
CBSE ने अपनी एडवाइजरी में दो टूक कहा है कि जो भी व्यक्ति परीक्षा से जुड़ी झूठी जानकारी फैलाएगा, उसके खिलाफ आईटी एक्ट समेत अन्य कानूनी धाराओं में कार्रवाई की जाएगी। सिर्फ चेतावनी नहीं, बल्कि जेल और भारी जुर्माने तक की बात कही गई है। बोर्ड ने साफ कर दिया है कि परीक्षा की पवित्रता से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
बोर्ड अधिकारियों का मानना है कि ‘पेपर लीक’ जैसी खबरें सबसे ज्यादा नुकसान छात्रों को पहुंचाती हैं। परीक्षा से ठीक पहले ऐसी बातें सुनकर बच्चे घबरा जाते हैं। उनका ध्यान पढ़ाई से हटकर अफवाहों की जांच में लग जाता है। कई बार तो छात्र यह सोचकर परेशान हो जाते हैं कि अगर सच में पेपर लीक हो गया तो क्या होगा। बोर्ड ने छात्रों और अभिभावकों से अपील की है कि वे केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करें। किसी भी संदिग्ध मैसेज या लिंक को आगे न बढ़ाएं। अगर कोई फर्जी जानकारी मिले तो तुरंत संबंधित अधिकारियों को सूचित करें।