केरल में 5 मार्च से हायर सेकेंडरी परीक्षाएं KITE की नई ‘KITE-QTrack’ ऐप के जरिए संचालित होंगी। QR कोड आधारित यह सिस्टम प्रश्नपत्र से लेकर आंसर-शीट की डिस्पैच तक रियल-टाइम ट्रैकिंग करेगा। परीक्षा प्रक्रिया को सुरक्षित, पारदर्शी और पूरी तरह डिजिटल बनाने की पहल शुरू।
Kerala Board Exam: केरल में इस बार हायर सेकेंडरी परीक्षाएं पहले से ज्यादा सुरक्षित और पारदर्शी होने जा रही हैं। राज्य की शैक्षिक टेक्निकल एजेंसी KITE (Kerala Infrastructure and Technology for Education) ने एक नई मोबाइल एप लॉन्च की है, जिसका नाम है ‘KITE-QTrack’। यह ऐप 5 मार्च से शुरू होने वाली परीक्षाओं में इस्तेमाल की जाएगी। इस नई व्यवस्था का मकसद परीक्षा प्रक्रिया के हर चरण पर नजर रखना है। यानी प्रश्नपत्र के पैकेट खोलने से लेकर उत्तर पुस्तिकाओं को मूल्यांकन केंद्र तक भेजने तक हर गतिविधि अब डिजिटल तरीके से रिकॉर्ड होगी।
हायर सेकेंडरी एग्जाम विंग ने सभी चीफ और डिप्टी चीफ सुपरिटेंडेंट्स को निर्देश दिया है कि वे 4 मार्च से पहले एंड्रॉयड प्ले स्टोर से एप डाउनलोड कर लॉगिन कर लें। परीक्षा के दिन उन्हें हर जरूरी चरण पर एप में अपडेट दर्ज करना होगा। जैसे ही प्रश्नपत्र का पैकेट स्टोर रूम से निकाला जाएगा, उसे क्यूआर कोड के जरिए स्कैन किया जाएगा। अगर गलती से गलत विषय का पैकेट स्कैन हो जाता है तो सिस्टम तुरंत चेतावनी देगा और उसे ‘इंसिडेंट’ के तौर पर दर्ज कर लिया जाएगा। परीक्षा शुरू होने और खत्म होने का समय भी तय सीमा के भीतर एप में दर्ज करना अनिवार्य होगा।
परीक्षा खत्म होने के बाद जब कॉपियां मूल्यांकन के लिए भेजी जाएंगी, तब भी पूरा डिटेल ऐप में भरा जाएगा। इसमें ट्रैक आईडी, वजन और भेजने का समय शामिल होगा। इससे किसी भी तरह की गड़बड़ी या देरी को तुरंत पकड़ा जा सकेगा। अगर परीक्षा के दौरान किसी तरह की नकल, तकनीकी समस्या या अन्य अनियमितता सामने आती है, तो उसकी सूचना भी सीधे एप के जरिए दी जा सकेगी।
क्षेत्रीय डिप्टी डायरेक्टर्स को अलग लॉगिन दिए गए हैं, ताकि वे पूरे राज्य में चल रही परीक्षा प्रक्रिया पर नजर रख सकें। यानी अब निगरानी सिर्फ केंद्र स्तर तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि राज्य स्तर से भी लगातार मॉनिटरिंग होगी। अधिकारियों की मदद के लिए यूजर गाइड और वीडियो ट्यूटोरियल KITE के VICTERS यूट्यूब चैनल पर उपलब्ध हैं। जिला स्तर पर ऑनलाइन ट्रेनिंग कार्यक्रम सोमवार से शुरू हुए हैं, जिन्हें KITE मास्टर ट्रेनर्स संचालित करेंगे।