एमबीबीएस टॉपर और अरबपति परिवार की बेटी हिना हिंगड ने सांसारिक जीवन त्यागकर जैन भिक्षु बनने का फैसला किया है।
एमबीबीएस टॉपर और अरबपति परिवार की बेटी हिना हिंगड ने सांसारिक जीवन त्यागकर जैन भिक्षु बनने का फैसला किया है। आपको बता दें 28 वर्षीय हिना एक अमीर खानदान से ताल्लुक रखती है, साथ ही वह पढ़ाई में बहुत इंटेलीजेंट है। लेकिन अब वह अपनी पढ़ाई— लिखाई और परिवार को छोड साध्वी बनने जा रही है। इसके लिए वह गुजरात में सूरत के आध्यात्मिक गुरु आचार्य विजय यशोवर्मा सुरेश्वरजी महाराज से दीक्षा लेंगी।
आपको बता दें मुंबई की रहने वाली हिना अहमदनगर विश्वविद्यालय से गोल्ड मेडलिस्ट को खिताब जीत चुकी है। हिना बचपन से ही आध्यात्म की ओर आकर्षित हो चुकी थीं। हालांकि उसके इस फैसले का परिवार वालों ने काफी विरोध किया लेकिन वह अपने फैसले पर पूरी तरह अडिग है। हिना अपने परिवार में 6 बेटियों में सबसे बड़ी है। जैन भिक्षु बनने के उसके फैसले से उसका परिवार बहुत दुखी हैं।
इतना ही नहीं हिना दीक्षा के लिए जरूरी 48 दिनों का ध्यान भी पूरा कर चुकी हैं। इस बारे में हिना को भिक्षु बनने की शिक्षा देने वाले आध्यात्मिक गुरु आचार्य विजय ने मीडिया को बताया कि हिना ने अपने पिछले जन्म में किए गए ध्यान और श्रद्धा की वजह से भिक्षु बनने का रास्ता अपनाया है। वैसे आपको बता दें गुजरात में कम उम्र किसी का भिक्षु बनना नई बात नहीं है। हिना से पहले अप्रैल 2018 में एक हीरा कारोबारी के बेटे भव्य शाह ने भी महज 12 साल की अवस्था में सन्यास ले लिया था।
ये टॉपर बच्चे भी कम उम्र में ले चुके है संन्यास
-जून 2017 में गुजरात बोर्ड के 12वीं (कॉमर्स) के टॉपर वर्षील शाह ने जैन धर्म में दीक्षा ली है।
-सितंबर 2017 में मध्य प्रदेश के एक दंपति ने अपनी 3 साल की बच्ची और 100 करोड़ की संपत्ति को छोड़ जैन धर्म में दीक्षा ग्रहण की है।
-अप्रैल 2018 में सूरत के एक हीरा व्यापारी का 12 वर्षीय बेटा भव्य शाह जैन भिक्षु बना था।
-साल 2014 में भव्य की बड़ी बहन प्रियांशी ने भी 12 साल की उम्र में जैन धर्म में दीक्षा ली थी।
-अप्रैल 2018 में ही मुंबई के प्रतिष्ठित हीरा व्यापारी परिवार से ताल्लुक रखने वाले सीए मोक्षेश करोड़ों की संपत्ति छोड़ जैन भिक्षु बने थे।