
NEET 2018 Notification मानव संसाधन विकास मंत्रालय, एमएचआरडी विभिन्न राज्य बोर्ड के छात्रों की राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा की मांग को देखकर संज्ञान ले रहा है। लाखों छात्रों की आशंका को देखते हुए केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री जावडेकर ने पुष्टि की थी कि नीट 2018 के लिए पाठ्यक्रम तय करते समय राज्य बोर्डों के पाठ्यक्रम पर भी उचित विचार किया जाएगा। एमसीआई के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ ओपन स्कूलींग, NIOS को नीट 2018 एग्जाम में शामिल होने से रोकने के फैसले के लिए एक मीटिंग बुलाई गई है जिसपर आज फैसला आने की संभावना है।
नीट 2018 पाठ्यक्रमों को देखें तो cbse और राज्य बोर्डों के पाठ्यक्रों को लेकर अलग अलग विचार दिए गए थे। क्योंकि NEET प्रश्नपत्र सीबीएसई पाठ्यक्रम पर ही डिज़ाइन किए गए थे, जिसके चलते कई राज्यों के विद्यार्थियों को नुकसान हुआ। कई राज्यों से बताया गया था कि स्तर में अंतर ने एक बड़ा अंतर बनाया है, जिससे छात्रों को एक ही मंच पर प्रतिस्पर्धा करना मुश्किल हो जाता है।
प्रकाश जावड़ेकर के अनुसार हमने एक बैठक की थी। जिसमें NEET 2018 के लिए प्रश्नपत्र तैयार करते समय हम सभी राज्य बोर्डों के पाठ्यक्रम को ध्यान में रखेंगे। ताकि छात्रों के राज्य बोर्ड इस साल से किसी भी तरह से नुकसान में नहीं जाएँ। पुरे देश भर के छात्रों इस बात से खुश है
NEET 2018 के लिए NIOS के छात्रों की योग्यता के संबंध में, मानव संसाधन मंत्रालय ने इस बारे में चर्चा करने के लिए भारत के मेडिकल काउंसिल से बातचीत की थी। पिछले महीने, एमसीआई ने उन छात्रों पर रोक लगाई थी, जिन्होंने नीट परीक्षा में भाग लेने के लिए ओपन स्कूली शिक्षा NIOS से 2018 में अपनी कक्षा 12 पूरी की थी। एमसीआई ने एक नियमित छात्र की शिक्षा और खुली शिक्षा के छात्र के स्तर में अंतर का हवाला दिया था।
NIOS ने मानव संसाधन विकास मंत्रालय को NEET 2018 में हस्तक्षेप करने के लिए पत्र लिखा था और जिसके बाद एमसीआई को फैसला रद्द करने को कहा था। पिछले साल के आंकड़ों की तरफ देखें तो NIOS के लगभग 30,000 छात्र राष्ट्रीय स्तर के प्रवेश परीक्षा में आए थे। मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने आज MCI के साथ एक मीटिंग बुलाई है । जिस पर निर्णय आने की उम्मीद है।