शिक्षा

शिक्षक दिवस विशेष: भजेड़ा स्कूल ने जुगाड़ू नवाचारों से बनाई पहचान, शिक्षा के साथ बढ़ रही कलात्मकता

Sep 05, 2025
Feature image

आर्ट एंड क्राफ्ट रूम में छात्र क्ले आर्ट और पेंटिंग से रचनात्मकता निखार रहे

प्रयोगशाला में भी कबाड़ से जीएसएलवी, सौरमंडल, पेरिस्कोप

,अलवर. राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, भजेड़ा अपने जुगाड़ू नवाचारों के लिए जाना जाता है। वर्ष 2023 में राज्य स्तरीय शिक्षक एवं प्रेरक पुरस्कार से सम्मानित प्राचार्य कोलल कांत शर्मा के नेतृत्व में स्कूल ने कबाड़ से जुगाड़ के आधार पर शिक्षा को रचनात्मक और सरल बनाया है।विद्यालय में स्थापित *आर्ट एंड क्राफ्ट रूम* में छात्र क्ले आर्ट और पेंटिंग के माध्यम से अपनी रचनात्मकता को निखारते हैं। अब तक सैकड़ों क्ले आर्ट और पेंटिंग्स बनाई जा चुकी हैं, जो बच्चों में सृजनात्मक गुणों का विकास करती हैं। विज्ञान प्रयोगशाला में भी कबाड़ से जीएसएलवी, सौरमंडल, पेरिस्कोप, आयरन फिकर और फोकस दूरी मापने के उपकरण बनाए गए हैं। इनमें से कई नवाचारों सौरमंडल, फ्लोटिंग हाउस ने जिला स्तर पर प्रथम स्थान हासिल कर राज्य स्तर पर अपनी छाप छोड़ी है। साइकिल की रिम और वृक्ष की जड़ों से बनी टीएलएम सामग्री के जरिए बच्चे शब्द और अंक ज्ञान की आधारभूत समझ विकसित कर रहे हैं। प्राकृतिक आकृतियों को रंगों से उकेरकर शिक्षा को रोचक बनाया गया है।

प्राचार्य कोमलकांत शर्मा का मानना है कि शिक्षा केवल किताबों तक सीमित नहीं, बल्कि यह बच्चों के सर्वांगीण विकास का माध्यम है। उनके नवाचारों ने न केवल भजेड़ा स्कूल को एक मॉडल बनाया, बल्कि अन्य शिक्षकों और विद्यालयों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत स्थापित किया है।

Updated on:
05 Sept 2025 11:57 am
Published on:
05 Sept 2025 11:57 am