शिवपाल सिंह यादव ने चुनाव प्रचार में कहा कि, पार्टी नेताओं के लिए 100 सीटों की मांग की थी, पर मिली सिर्फ एक। उन्होंने समर्थकों से कहा कि, जब एक ही सीट मिली है तो जसवंतनगर सीट से जीत यूपी में सबसे बड़ी बनाकर ताकत का एहसास करा दो। इटावा की जसवंतनगर सीट से सपा-पीएसपीएल के संयुक्त उम्मीदवार शिवपाल सिंह यादव साइकिल चुनाव चिंह पर चुनाव लड़ रहे हैं।

प्रगतिशील समाजवादी पार्टी लोहिया सुप्रीमो शिवपाल सिंह यादव को आजकल कुछ समझ में नहीं आ रहा है। वह अपने को ठगा सा महसूस कर रहे हैं। उनकी पार्टी के समर्थक, कार्यकर्ता और नेता सभी शिवपाल सिंह यादव का मुंह ताक रहे हैं। जसवंतनगर विधानसभा सीट के लिए चुनाव प्रचार कर रहे शिवपाल सिंह यादव का दर्द जनता के समझ छलक आया। शिवपाल सिंह यादव ने चुनाव प्रचार में कहा कि, पार्टी नेताओं के लिए 100 सीटों की मांग की थी, पर मिली सिर्फ एक। उन्होंने समर्थकों से कहा कि, जब एक ही सीट मिली है तो जसवंतनगर सीट से जीत यूपी में सबसे बड़ी बनाकर ताकत का एहसास करा दो। इटावा की जसवंतनगर सीट से सपा-पीएसपीएल के संयुक्त उम्मीदवार शिवपाल सिंह यादव साइकिल चुनाव चिंह पर चुनाव लड़ रहे हैं।
सपा-पीएसपीएल संयुक्त उम्मीदवार शिवपाल यादव
सपा-पीएसपीएल संयुक्त उम्मीदवार शिवपाल यादव ने कहा, ‘हमें भरोसा दिया गया था कि आपके समर्थक उम्मीदवारों को भी टिकट देंगे, लेकिन किसी को भी टिकट नहीं दिया गया।
हमने सब्र कर लिया - शिवपाल यादव
शिवपाल यादव ने कहाकि, हमने तो केवल 100 सीटों की मांग थी, पर नेताजी (मुलायम सिंह यादव) ने कहा था 200 लेना। फिर भी मैंने 65 सीटों की लिस्ट बनाकर समाजवादी सुप्रीमो अखिलेश यादव को दे दी। बाद में सपा से आदेश आया कि, संख्या घटाया जाए। आदेश का पालन करते हुए, मैंने 45 नामों की लिस्ट दी तो फिर कहा गया अभी भी ज्यादा हैं। फिर हमने जीतने वाले 35 प्रत्याशियों के नाम दिए, जिस पर बोला गया यह भी बहुत ज्यादा है। इसके बाद हमने कहा जिसे सही लगे उसे टिकट दे दें, लेकिन अब मेरे खाते में केवल 1 ही सीट आई है। इस पर भी हमने सब्र कर लिया है।’