एक हिरों जितना फिल्म के लिए जरुरी हैं उतना ही एक खलनायक भी जरुरी हैं। खलनायक के बिना कोई भी फिल्म अधूरी हैं। खलनायक को देखने के बाद इस बात का पता चल जाता हैं कि अब कुछ ना कुछ बड़ा कांड होने वाला हैं।
हिंदी सिनेमा में अधिकतर खलनायकों का लुक ऐसा बना दिया गया है कि कुछ समय तो ये समझने में लग जाता है कि नायक कौन है और खलनायक कौन। हिंदी सिनेमा ने अपने बेहतर खलनायक को पीछे छोड़ दिया लेकिन साउथ सिनेमा में ऐसे खलनायकों का साथ नहीं छोड़ा।
प्रदीप रावत
प्रदीप रावत को कोई नहीं भूल सकता हैं। इनके किरदार के नाम पर फिल्म का नाम रख दिया था। हम बात कर रहें हैं सुपरहिट फिल्म गजिनी के गजिनी धर्मात्मा उर्फ प्रदीप सिंह रावत की। इन्होने अपने करियर की शुरुआत ‘महाभारत’ में द्रोणाचार्य के बेटे अश्वस्थामा के किरदार से की थी। प्रदीप ने की बड़ी फिल्मों में खलनायक की भूमिका निभाई हैं।
नास्सर
नास्सर 450 फिल्मों से भी ज्यादा फिल्मों में काम कर चुके हैं। नास्सर को हिंदी पट्टी में खास तौर पर बाहुबली फिल्म के बिज्जालदेव के रूप में जाना जाता हैं। आपको बता दे कि नास्सर एक्टर होने के साथ साथ डायरेक्टर, राइटर और प्रोड्यूसर्स भी हैं।
अजय
अजय को जितना पहचान हिंदी इंडस्ट्री में मिली हैं उतना ही उन्होने साउथ की फिल्मों में भी नाम कमाया हैं। वह 11 अलग-अलग भाषाओं में 250 से भी ज्यादा फिल्मों में काम कर चुके हैं। उन्होने शानदार अभिनय से लाखों लोगो को दिवाना बनाया हैं।
मुकेश ऋषि
मुकेश ऋषि किसी पहचान के मोहताज नहीं हैं। उन्होने अपनी शानदार अभिनय से बॅालिवुड से लेकर साउथ की फिल्मों में नाम कमाया हैं। 90 के दशक में उन्होंने एक से एक खलनायक का किरदार निभाया था। जिसके बाद से उऩ्होने कई बड़ी फिल्मों मे खलनायक की भूमिका में देखा गया। मुकेश अभी तक 170 से ज्यादा फिल्मों में काम कर चुके हैं। उनकी हर एक फिल्म शानदार हैं।
प्रकाश राज
प्रकाश राज ने कई बड़ी फिल्मों में अपनी अभिनय से लाखों लोगों को दिवाना बनाया हैं। 400 से अधिक फिल्मों में काम कर चुके हैं प्रकाश राज। उनकी हर एक फिल्म सुपरहिट साबित होती हैं। उनके किरदार को काफी ज्यादा पंसद किया जाता हैं। प्रकाश राज ने बॅालीवुड से लेकर साउथ की फिल्मों में भी अपनी शानदार अभिनय से लाखों लोगों को दिवाना बनाया हैं।