अभिनेता काफी पैसा कमा रहे हैं और देश के लिए बहुत थोड़ा कर रहे हैं जो दुर्भाग्यपूर्ण है। आम लोगों में एक तरह की ईर्ष्या है, इसलिए जब उन्हें किसी अभिनेता के कुछ कहने पर उसे परेशान करने का मौका मिलता है तो वे ऐसा करते हैं।
बॉलीवुड की जानी-मानी चरित्र अभिनेत्री रेणुका शहाणे को लगता है कि भारतीय कलाकारों को अपनी राय रखने को महत्व नही दिया जाता है। रेणुका ने एनडीएफसी फिल्म बाजार के 10वें संस्करण के मौके पर कहा, 'भारत में कलाकारों को अपनी राय रखने को महत्व नहीं दिया जाता और बोलने पर अक्सर उन्हें परेशान किया जाता है।
आम तौर पर लोग सोचते हैं कि अभिनेता काफी पैसा कमा रहे हैं और देश के लिए बहुत थोड़ा कर रहे हैं जो दुर्भाग्यपूर्ण है। आम लोगों में एक तरह की ईर्ष्या है, इसलिए जब उन्हें किसी अभिनेता के कुछ कहने पर उसे परेशान करने का मौका मिलता है तो वे ऐसा करते हैं।
रेणुका ने कहा कि अभिनेता अपना कर भरते हैं। उनके पास हॉलीवुड की सेलिब्रिटीज की तरह ही बोलने का हक है। रेणुका ने कहा, 'हम भी करदाता हैं। हमारे पास सभी तरह के निर्णयों में हिस्सा लेने का अधिकार है और यह लोकतंत्र है और यह हमारा अधिकार भी है। दुनिया भर के कलाकार चीजों के बारे में गंभीर रुख अख्तियार करते हैं चाहे वह जलवायु परिवर्तन हो या राजनीतिक नस्लवाद।'