
उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय इटावा मे सर्व ब्राह्मण समाज महासभा आयोजित यज्ञोपवीत संस्कार कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान उन्होने पत्रकारो से वार्ता मे कहा कि, राजनीति इंदिरा गांधी के पास थी तो आशक्ति बनी, पंडित दीनदयाल उपाध्याय के पास थी तो विरक्ति बनी, मुलायम सिंह के पास थी तो विपत्ति बनी और जब मायावती के हाथ आई तो संपत्ति बनी। उन्होने कहा कि जब राजनीति इंदिरा गांधी के पास थी, तो उन्होंने सत्ता में बने रहने के लिये इमरजेंसी लगा दी थी, ये सत्ता के लिये आसक्ति है।
उन्होने कहा कि जब पंडित दीनदयाल के पास थी तो उन्होंने देश के खिलाफ कोई काम करने से अच्छा राजनीति को छोड़ना बेहतर समझा या विरक्ति है। उन्होने कहा कि जब मुलायम सिंह के पास राजनीति पहुंची तो वो समाज के लिये विपत्ति बनी क्योंकि उनके समय मे गुंडागर्दी चरम पर थी।
और जब राजनीति मायावती के पास पहुंची तो संपत्ति बनी क्योंकि ये जग जाहिर है कि मायावती ने धन कमाने के लिये चुनाव में टिकिट तक बेंचे है।
युवाओं को सनातन धर्म की मोड़ने और सनातन धर्म के महत्व समझाना होगा
इटावा मे सर्व ब्राह्मण समाज महासभा की ओर से आयोजित 3 दिवसीय यज्ञोपवीत संस्कार संपन हुआ। इस समारोह का आयोजन पाश्चात्य संस्कृति की ओर जा रहे युवाओं को सनातन धर्म की मोड़ने और सनातन धर्म के महत्व को समझाने के लिये किया गया।
यज्ञोपवीत संस्कार का मेडिकली और धार्मिक महत्व है। जनेऊ धारण करने वाले लोग कई बीमारियों से बचे रहते है। संस्था के संथापक डा. आई.के.शर्मा ने कहा कि प्राचीन सभ्यता के अनुसार 16 संस्कार होने चाहिए, आने वाली पीढ़ियों को संस्कारो से अवगत कराने के लिये संगठन की स्थापना मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने कहा कि, आज की युवा पीढ़ी ब्राह्मणों का सम्मान नही करती पहले 65 साल का बुजुर्ग भी 10 साल के लड़के से कहता था कि पंडित जी पाय लांगे, आज हम संस्कारो से दूर हो गए।