9 दिसंबर को केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड देश भर के 92 शहरों के 2 हजार 296 केंद्रों पर केंद्रीय अध्यापक पात्रता परीक्षा (CTET-2019) आयोजित करेगा।
9 दिसंबर को केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड देश भर के 92 शहरों के 2 हजार 296 केंद्रों पर केंद्रीय अध्यापक पात्रता परीक्षा (CTET-2019) आयोजित करेगा। परीक्षा में कुल दो पेपर होंगे। पहला पेपर सुबह 9.30 से 12 बजे तक और दूसरा पेपर दोपहर 2 बजे से शाम 4.30 तक चलेगा। पहला पेपर कक्षा 1 से 5 में पढ़ाने और दूसरा पेपर कक्षा 6 से 8 में पढ़ाने के लिए आवेदन करने वालों के लिए होगा। परीक्षा के लिए सीटीईटी ने प्रवेश पत्र जारी कर दिए हैं। उम्मीदवार आधिकारिक साइट पर जाकर अपने प्रवेश पत्र डाउनलोड कर सकते हैं। उम्मीद है कि परीक्षा की सभी तैयारियां आपने पूरी कर ली होगी लेकिन परीक्षा के अंतिम दिनों में भी यदि खास रणनीति के साथ काम किया जाए तो पहले ही प्रयास में सीटैट को आसानी से क्रैक किया जा सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार कुछ नया पढऩे की बजाए पुराने का अभ्यास फायदा देता है।
एग्जाम पैटर्न से करें पढ़ाई
परीक्षा के अंतिम दिनों में एग्जाम पैटर्न के अनुसार पढ़ाई का चार्ट बनाएं। किस टॉपिक से कितने अंक कवर होंगे और किस प्रकार के प्रश्न आएंगे? आपको उनमें से कितने प्रश्न आते हैं? यह जानना बेहद जरूरी होगा। ऐसे में आप कहां कमजोर पड़ते हैं और कहां आपकी तैयारी अच्छी है इसका भी पता चल जाएगा। ध्यान रहें सीटेट क्वालीफाई सर्टिफिकेट की वैलेडिटी 7 साल है और यह परीक्षा के नतीजे जारी होने की तारीख से गिनी जाती है।
करें टाइम मैनेजमेंट
इस परीक्षा में जिसने टाइम का मैनेजमेंट सही से कर लिया, वही असली मायने में विनर होगा। हर उम्मीदवार को 150 मिनट में 150 प्रश्नों के सही जवाब देने होंगे यानी एक मिनट में एक सवाल। यदि आप अधिकतम प्रश्नों को हल करना चाहते हैं तो आपको अपनी गति पर काम करने की खासी जरूरत है। इसके लिए स्टॉप वॉच तकनीक आजमाएं, जिसमें माइक्रो सैकंड भी काउंट होती है। टाइम सैट कर प्रश्नों को सॉल्व करने का अभ्यास करें। प्रत्येक सेक्शन को कितना समय देना है, इसकी प्लानिंग भी करनी होगी। प्रश्नों को कम समय में सॉल्व करने के लिए ज्यादा और लगातार प्रेक्टिस के अलावा और कोई विकल्प नहीं है। नेगेटिव मार्किंग नहीं होने से जिन प्रश्नों के सही होने की थोड़ी भी संभावना है, उन पर भी रिस्क ली जा सकती है।
लास्ट आवर्स प्लानिंग
परीक्षा से कुछ घंटे पहले जितना हो सके, कूल रहने की कोशिश करें। सुबह जल्दी उठें और सकारात्मक सोच के साथ खुद के अंदर भरोसा जगाएं। आप परीक्षा के लिए पूरी तरह तैयार हैं और हर हाल में सफल होंगे इस सोच के साथ समय से आधे घंटे पूर्व परीक्षा केंद्र पर पहुंचें। परीक्षा से जुड़ी सभी चीजें संभाल लें मसलन पहचान पत्र, एडमिट कार्ड, पेन-पेंसिल-इरेजर आदि। पेपर में उन्हीं प्रश्नों को सबसे पहले हल करें जिन पर आप पूरी तरह आश्वस्त हों। सैकंड राउंड में उन प्रश्नों के जवाब दें, जहां आपको डाउट हो। इन्हें सोच-समझकर हल करने की कोशिश करें। सबसे आखिर में उन प्रश्नों को लें जिन पर आप बहुत कॉन्फिडेंट नहीं हैं।
सलेक्टेड मैटर को ही पढ़ें
इन दिनों में अभ्यर्थियों को नए टॉपिक्स का अध्ययन करने के बजाय सलेक्टेड मैटर यानी पहले से पढ़े हुए मैटर को ही पढऩा चाहिए। कुछ खास छूट गया हो तो उसकी भी अनदेखी न करें और उन्हें पॉइंट्स बनाकर याद करने की कोशिश करें। मानसिक रूप से मजबूत रहेंगे तो सफलता की संभावना बढ़ जाएगी। पिछले सालों के पेपर्स या मॉडल पेपर्स भी ट्राई कर सकते हैं। चूंकि परीक्षा सिर पर है, इसलिए टारगेट बेस्ड घंटे वार रणनीति बनाकर स्टडी करना ज्यादा फायदेमंद होगा। प्रोपर प्लानिंग से आपकी पढ़ाई भी सिस्टेमैटिक होगी, वहीं आपका कॉन्फिडेंस भी दिन ब दिन बढ़ता चला जाएगा। ध्यान रखें कि आप सब कुछ नहीं पढ़ सकते लेकिन जो भी पढ़ा हुआ है वह पूरी तरह आपकी टिप्स पर हो।
ऑनलाइन स्टडी, मॉक टेस्ट को दें टाइम
इन दिनों में मॉक टेस्ट पेपर्स को सॉल्व करना आपको कॉन्फिडेंट बना सकता है। रोज कम से कम एक मॉक टेस्ट को ट्राई करें और उसका विश्लेषण करें। ऑनलाइन स्टडी को भी बेस बनाएं। जहां कन्फ्यूजन हो, वहां तुरंत किताबें, इंटरनेट, विशेषज्ञों और गुरुजनों की मदद लेकर क्लीयर करें। यूट्यूब और वीडियो चैनल्स के जरिए अपनी पढ़ाई को और भी दिलचस्प बनाकर पढ़ सकते हैं। इस दौरान पुराने नोट्स की सहायता से जितने ज्यादा घंटे अध्ययन में बीतेंगे उतना ही आप सफलता के करीब पहुंचने लगेंगे। यह मानकर चलिए कि पूरे कॉन्फिडेंस और एकाग्रता के साथ आप सीटैट की तैयारी करेंगे तो आपको पहले ही प्रयास में सफल होने से कोई नहीं रोक पाएगा।