
Fatehpur Telecom Worker Tied News: उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले में मोबाइल नेटवर्क की समस्या को लेकर ग्रामीणों का गुस्सा इस कदर भड़क गया कि उन्होंने एक खौफनाक और हैरान करने वाला कदम उठा लिया। खराब नेटवर्क से परेशान ग्रामीणों ने गांव में पहुंचे टेलीकॉम कंपनी के एक कर्मचारी को उसी मोबाइल टावर से बांधकर बंधक बना लिया। इस पूरी घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
यह चौंकाने वाली घटना बिंदकी कोतवाली क्षेत्र के हरदौली गांव की है। ग्रामीणों का आरोप है कि उनके गांव में पिछले 2 साल से मोबाइल नेटवर्क की भारी समस्या बनी हुई है। गांव में टावर तो लगा है लेकिन नेटवर्क नदारद रहता है। ग्रामीणों ने बताया कि वे 5G सेवाओं के लिए हर महीने भारी-भरकम रिचार्ज कराते हैं लेकिन फिर भी न तो ढंग से इंटरनेट चलता है और न ही वे किसी से बात कर पाते हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने नेटवर्क की समस्या को लेकर कई बार टेलीकॉम कंपनी के अधिकारियों से शिकायत की लेकिन उनकी किसी भी शिकायत पर कोई ध्यान नहीं दिया गया। गुरुवार को जब कंपनी का एक कर्मचारी (टेक्नीशियन ) टावर की जांच या काम के लिए गांव पहुंचा तो ग्रामीणों का 2 साल से दबा हुआ गुस्सा फूट पड़ा।
गुस्साए ग्रामीणों ने कर्मचारी को पकड़ लिया और उसे सीधा मोबाइल टावर से बांध दिया। मौके पर भारी-भीड़ जमा हो गई। ग्रामीणों ने साफ कह दिया कि, "जब तक टेलीकॉम कंपनी के बड़े अधिकारी गांव में आकर उनकी नेटवर्क की समस्या को हमेशा के लिए दूर नहीं कर देते तब तक वे इस कर्मचारी को नहीं छोड़ेंगे।" वायरल वीडियो में भी सुना जा सकता है कि ग्रामीण 2 साल से परेशान होने की बात कह रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार इस समस्या को लेकर ग्रामीणों ने टेलीकॉम अफसरों से फोन पर बातचीत की लेकिन कोई भी सुधार नही हुआ।
कर्मचारी को बंधक बनाए जाने की सूचना मिलते ही बिंदकी थाने की पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने किसी तरह आक्रोशित ग्रामीणों को शांत कराया और कर्मचारी को टावर से खोलकर मुक्त कराया। वहीं इस मामले में SP अभिमन्यु मांगलिक का बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया के जरिए बिंदकी के गांव से एक वीडियो वायरल हुआ है। जियो टावर के एक टेक्नीशियन को स्थानीय लोगों ने बंधक बना लिया। संबंधित व्यक्तियों ने एक वीडियो भी बनाया, जिसमें उन्होंने दिखाया कि इलाके में उनके मोबाइल फोन पर 5G नेटवर्क उपलब्ध नहीं है, और इसी वजह से उन्होंने यह कृत्य किया। मामला पुलिस के संज्ञान में आते ही संबंधित धाराओं के तहत FIR दर्ज की गई। FIR दर्ज होने के बाद, मामले से जुड़े 5 लोगों को हिरासत में ले लिया गया है और उनके खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।