मेले में किसी ने झुले-जलेबी का आनंद लिया, तो किसी ने खरीदा गिल्ली-डंडा
छुट्टी के दिन त्रिवेणी मेले में उमड़ी भीड़, मेला पांच दिन बढ़ाने की मांग
रतलाम। त्रिवेणी मेला में रविवार को हजारों की संख्या में शहरसहित अंचल से नागरिकों ने पहुंचकर खूब आनंद लिया। लोगों ने परिवार सहित पहुंचकर सुबह से देर रात तक मेला घुमा जमकर खरीदारी की, तो बाहर से आए व्यवसायी भी प्रसन्न नजर आए। दिन भर मेले में झुले, मौत का कुआ, चकरी, नाव पर लोगों को शोरगुल रहा। जलेबी के साथ कोई आलूबड़े तो कोई चाट का आनंद ठेलेगाड़ी पर लेता नजर आया। महिला और बालिकाओं ने शृंगार के साथ घरेलू उपयोग की सामग्री की जमकर खरीदारी की। बच्चों ने गिल्ली डंडा और बड़ों ने ल_ तो आदिवासी अंचल से आए लोगों ने पानी के मटके, कड़ाई, तवा आदि खरीदे। मेला परिसर इस तरह से चहुंओर खचाखच भरा था, लोगों को घुमने और खरीदारी के दौरान यहां वहां जाने में मशक्कत करना पड़ी। रात्रि में मेला प्रांगण में तेजाजी की कथा का मंचन देखने के लिए भी ग्रामीण क्षेत्रों से आए लोग डटे रहे।
मेला पांच दिन बढ़ाने की मांग
नगर के प्रांचीन त्रिवेणी मेला में प्रतिदिन १५-२० हजार लोग पहुंच रहे हैं। श्रीसनातन धर्म महासभा की और से कलेक्टर और महापौर के नाम पत्र लिखकर मेला अवधी पांच दिन बढ़ाने की मांग की गई है। समिति के गोविंद काकानी, अशोक सोनी, सतीश भारतीय, विशाल शर्मा, अनिल सोनी, सतीश राठौर, सनातन धर्म महासभा अखाड़ा परिषद प्रमुख मनोज शर्मा, ताराबेन सोनी ने बताया कि मेला सनातन धर्म आस्था का केंद्र है। यहां पर बाहर से कई व्यवसायी आकर दुकाने संचालित करते हैं। मेले की अवधि न बढ़ाने से निगम द्वारा मेले में विद्युत एवं जल आपूर्ति मेले के दूसरे दिन ही बाधित कर दी जाती है। मेले में प्रतिदिन धर्म प्र्रेमी जनता मेले के बाद चार-पांच दिन तक आती है। इस कारण असामाजिक तत्व सक्रिय हो जाते है। इसलिए व्यवस्थाएं यथावत रखी जाकर पांच दिवस मेला बढ़ाने की व्यवस्था की जाए।
प्रजापिता ब्रह्माकुमारिज की तीन दिवसीय स्वास्थ्य शिविर
रतलाम। मेरा रतलाम-स्वस्थ रतलाम की परिकल्पना को साकार करने की कड़ी में जिलेवासियों को मधुमेह की बीमारी को नियंत्रित करने के लिए ब्रह्माकुमारिज के मेडिकल विंग के मधुर मधुमेह परियोजना के निर्देशक डॉ. वत्सलन नायर तीन दिनों के लिए रतलाम आ रहे हैं। अपने प्रवास के दौरान वे दिव्य दर्शन भवन डोंगरेनगर, प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय के सेवाकेंद्र पर मधुमेह को नियंत्रित करने के गुर सिखाएंगे।
बीके सविता दीदी ने बताया कि इसके लिए ब्रह्माकुमारिज ने अपने मुख्य सेवा केंद्र डोंगरेनगर पर त्रिदिवसीय नि:शुल्क शिविर का आयोजन किया है। जो १० जनवरी की शाम ५ बजे शुरू होगा। १३ जनवरी को दोपहर १ बजे समाप्त होगा। शिविर में शिविरार्थियों का नि:शुल्क ब्लड शुगर जांच, ब्लडप्रेशर जांच व बीएमआई की जांच की जाएगी। शिविर के दौरान सभी शिविरार्थियों को यब भी बताया जाएगा कि उन्हे नाश्ते व भोजन में क्या व कैसा भोजन करना चाहिए। इसके लिए उन्हे प्रशिक्षित किया जाएगा। शिविर मे भाग लेने के इच्छुक व्यक्ति अपना रजिस्ट्रेशन दिव्यदर्शन केंद्र डोंगरेनगर पर करवा सकते हैं।