
SBI Home Loan। भारतीय स्टेट बैंक ने होम लोन की दरों पर बढ़ोतरी की खबरों का खंडन करते हुए कहा कि बैंक ने जो 31 मार्च 2021 तक होम लोन की दरों में जो छूट दी गई हैं सिर्फ वो ही वापस ली हैं। इसके अलावा अतिरिक्त होम लोन की दरों में इजाफा नहीं किया है। जिसकी वजह से होम लोन की दरें एक फिर से वास्तविक स्तर पर वापस आ गई हैं।
किस तरह की थी छूट
वास्तव में एसबीआई की ओर से मार्च महीने में एक लिमिटेड पीरियड ऑफर की शुरुआत की थी। जिसमें आम लोगों को सस्ते होम लोन देने के लिए 31 मार्च 2021 तक होम लोन रेट्स 0.70 फीसदी तक की छूट के साथ 6.70 फीसदी कर दिए थे। अब बैंक का यह लिमिटेड ऑफर खत्म हो गया है। जिसकी वजह से होम लोन रेट्स फिर से वास्तविक स्तर पर पहुंच गई हैं। यह दरों में बढ़ोतरी नहीं बल्कि वास्तविक दरों का री-स्टोर होना है। एसबीआई में अब होम लोन के लिए ब्याज दरें 6.95 फीसदी सालाना से शुरू हैं।
यह शुल्क भी जोड़े गए
बैंक ने होम लोन एकीकृत प्रोसेसिंग शुल्क भी लगाया है। यह लोन की राशि का 0.40 फीसदी और जीएसटी के रूप में होगा। प्रोसेसिंग शुल्क न्यूनतम 10,000 रुपए और अधिकतम 30,000 रुपए होगा। पिछले महीने एसबीआई ने आवास ऋण पर प्रोसेसिंग शुल्क 31 मार्च तक माफ करने की घोषणा की थी।
एक हजार रुपए तक बढ़ जाएगी आपकी ईएमआई
एसबीआई के इस फैसले से आपकी ईएमआई में भी करीब एक हजार रुपए का इजाफा हो जाएगा। इसे उदाहरण से समझने का प्रयास करते हैं। अगर आपने 75 लाख रुपए का 10 साल के लिए होम लोन लिया हुआ है तो आपकी ईएमआई 6.70 फीसदी के ब्याज दर के हिसाब से 85926 रुपए थी। जो अब 6.95 फीसदी की ब्याज दर लागू होने के बाद 86,888 रुपए हो गई है।
44 करोड़ ग्राहकों पर पड़ेगा असर
वैसे एसबीआई का होम लोन कोई भी अप्लाई कर सकता है। अगर हम सिर्फ एसबीआई अकाउंट होल्डर्स की ही बात करें तो करीब 44 करोड़ हैं। जिनपर इसका सीधा असर दिखाई देगा। वहीं अभी तक दूसरे बैंकों की ओर से अपनी नई दरें लागू नहीं की है। एसबीआई के बाद आने वाले दिनों में देश के बाकी सरकारी और प्राइवेट बैंक अपनी नई दरों को लागू कर सकती हैं।