पुलिस ने युवक को मारी गोली तो गुस्साए ग्रामीणों ने एसओजी की टीम को बना लिया बंधक
गाजियाबाद. लोनी के ट्रोनिका सिटी में बागपत से आई पुलिस और एसओजी की टीम पर गंभीर आरोप लगे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि उन्होंने एक युवक को गोली मार दी। इसकी खबर स्थानीय लोगों को जैसे ही लगी वे मौके पर जमा हो गए। घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने एसओजी की टीम को बंधक बना लिया। करीब 15 से 20 एसओजी और पुलिसकर्मियों के हथियार छीन लिए। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला और एसओजी की टीम को मुक्त कराकर रवाना किया गया। खास बात ये है कि जिस वक्त यह ऑपरेशन हुआ, उस समय पीड़ित मोहित के घर पर जागरण का भंडारा चल रहा था। पहले से ही काफी भीड़ थी। बताया यह भी जा रहा है कि एसओजी की टीम ने स्थानीय पुलिस को जानकारी दिए बगैर छापा मारा था। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल ये उठता है कि अगर ग्रामीण छीने गए हथियार से किसी अनहोनी को अंजाम दे देते तो उसका जिम्मेदार कौन होता। अब स्थानीय पुलिस अधिकारी मामले की जांच की बात कह रहे हैं ।
दरअसल, बागपत से आई पुलिस और एसओजी की टीम ने जिस शख्स को गाली मारी थी, उसका नाम मोहित उर्फ शेरा बताया जा रहा है । बताया जाता है कि बागपत से एक मामले में वह फरार चल रहा था। बागपत पुलिस इसे पकड़ने के लिए यहां पहुंची, तो आरोपी भागने लगा। इसके बाद एसओजी की टीम ने मोहित पर फायर कर दिया । जिससे उसके पैर में गोली लग गई। लेकिन उसके बाद जो हुआ, उसने पुलिस की सुरक्षा को ही खतरे में डाल दिया था। इस मामले में गाजियाबाद के एसएसपी वैभव कृष्ण का कहना है कि बागपत पुलिस और एसओजी की टीम ने लोनी पुलिस को कोई सूचना नहीं दी थी । बिना सूचना के ही टीम लोनी पहुंचकर आरोपी को पकड़ने के लिए पहुंची थी ।