यूपी और बिहार जाने वाले रेल यात्रियों को मिलेगा वेटिंग से छुटकारा
गाजियाबाद. बिहार और यूपी जाने वाली ट्रेनों में वेटिंग से छुटकारा दिलाने के लिए रेलवे की ओर से पूर्वोत्तर रेलवे की कई ट्रेनों में अतिरिक्त कोच लगाने के फैसले से एनसीआर में रहने वाले बिहार और यूपी के लोगों ने खुशी जताई है। नोएडा की एक निजी कंपनी में काम करने वाले बिहार के मधुबनी निवासी श्याम ने बताया कि रेलवे की इस पहल से हमें बहुत राहत मिलेगी। अब तक महीनों पहले टिकट लेने के बाद भी टिकट कंफर्म नहीं होता था। वहीं, दरभंगा निवासी राकिशोर ने बताया कि सरकार का यह पहल सराहनीय है। पहले 2 से तीन महीने पहले भी टिकट लेने पर भी कंफर्म नहीं होता था।
गौरतलब है कि पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्य जनसंर्पक अधिकारी संजय यादव ने बताया कि प्रतीक्षा सूची के यात्रियों की सुविधा के लिए रेल प्रशासन तीन जोड़ी एक्सप्रेस गाड़ियों में अतिरिक्त कोच लगाएगा। इन अतिरिक्त कोचों के सिस्टम में आते ही गाड़ी के प्रस्थान समय से काफी पहले ही प्रतीक्षा सूची कम होगी या आरक्षण कन्फर्म हो जाएगा। इसका सीधा लाभ खास तौर से यूपी-बिहार जाने वाले यात्रियों को मिलेगा।
इन ट्रेनों में लगाए जाएंगे अतिरिक्त कोच
15021 शालीमार-गोरखपुर एक्सप्रेस में 26 जून को शालीमार से शयनयान श्रेणी का एक कोच लगाया जाएगा।
15022 गोरखपुर-शालीमार एक्सप्रेस में 25 जून को गोरखपुर से शयनयान श्रेणी का एक कोच लगाया जाएगा।
15119 रामेश्वरम-मंडुवाडीह एक्सप्रेस में 27 जून को रामेश्वरम से शयनयान श्रेणी का एक कोच जोड़ा जाएगा
15120 मंडुवाडीह-रामेश्वरम एक्सप्रेस में 24 जून को मंडुवाडीह से शयनयान श्रेणी का एक कोच लगाया जाएगा।
15003 कानपुर अनवरगंज-गोरखपुर चौरी चौरा एक्सप्रेस में 23 एवं 25 जून को कानपुर अनवरगंज से शयनयान श्रेणी का एक कोच लगाया जाएगा।
15004 गोरखपुर-कानपुर अनवरगंज चौरी चौरा एक्सप्रेस में 22 एवं 24 जून को गोरखपुर से शयनयान श्रेणी का एक कोच लगाया जाएगा।
इसके अलावा एक अच्छी खबर ये भी है कि ट्रेनों की लेटलतीफी दूर करने के लिए रेल मंत्री पीयूष गोयल के आदेश पर अमल शुरू हो गया है। ट्रेनों की लेटलतीफी से बचने के लिए अब रेलवे पुल, रेल ओवर ब्रिज (आरओबी), सब-वे का निर्माण, रेल पटरी बदलने व अन्य बड़े काम रविवार को किए जाएंगे। इसी तरह से छोटे काम के लिए सप्ताह में तीन दिन ट्रैफिक ब्लॉक लेने का प्रस्ताव है। रेलवे बोर्ड ने इसे लेकर सभी क्षेत्रीय रेलवे को कार्य योजना बनाकर देने को कहा है, ताकि इस पर अमल हो सके।
दरअसल, ट्रेनों की लेटलतीफी दूर करना रेल प्रशासन के सामने बड़ी चुनौती है। लंबी दूरी की कई ट्रेनें घंटों देरी से चल रही हैं। लेटलतीफी के कारण अक्सर कई ट्रेनें रद करनी पड़ रही है, जिससे यात्रियों में नाराजगी भी बढ़ रही है। वहीं, रेल प्रशासन का कहना है कि संरक्षा और विकास कार्यों की वजह से इस तरह की परेशानी हो रही है। अगले कुछ महीनों में काम पूरा होने के बाद यात्रियों को सुविधा होगी।
गौरतलब है कि निर्माण कार्य और मरम्मत कार्य पूरा करने के लिए ट्रैफिक ब्लॉक लिए जाने से ट्रेनों की आवाजाही बाधित होती है। इस कारण रेल मंत्री ने रविवार के दिन मेगा ब्लॉक लेकर निर्माण कार्य करने को कहा है। रविवार को पांच घंटे का मेगा ब्लॉक और मंगलवार, बृहस्पतिवार और शनिवार को दो-दो घंटे के छोटे ब्लॉक लिए जाएंगे। इसी दौरान सभी विभाग समन्वय बनाकर अपना काम करेंगे।