
गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के गाजियाबाद (Ghaziabad) से यूपी एटीएस (UP ATS) की टीम ने दो युवकों को गिरफ्तार किया है। इन पर फर्जी लॉटरी के नाम पर ठगी करके रकम पाकिस्तान (Pakistan) भेजने का आरोप है। बताया जा रहा है कि ये पाकिस्तानी हैंडलरों के इशारे पर काम करते थे। एटीएस को आशंका है कि पैसों का इस्तेमाल टेरर फंडिंग में हो रहा है।
गाजियाबाद में रह रहे थे दोनों
जानकारी के अनुसार, पकड़े गए आरोपियों के नाम प्रकाश उर्फ जय प्रकाश रूहेला और धीरूद्दीन हैं। जय प्रकाश शामली (Shamli) के थाना क्षेत्र स्थित रामशाला मोहल्ले का रहने वाला है। वह फिलहाल गाजियाबाद में रह रहा था। वह राजनगर एक्सटेंशन (Raj Nagar Extension ) के क्लासिक रेजीडेंसी में रह रहा था। वहीं, धीरूद्दीन मुजफ्फरनगर (Muzaffarnagar) के खरड गांव का निवासी है। वर्तमान में वह भी गाजियाबाद में रह रहा था। फिलहाल धीरूद्दीन साहिबाबाद (Sahibabad) थाना क्षेत्र के पसोंडा में रह रहा था। एटीएस ने दोनों को मोहन नगर से पकड़ा है।
ऐसे करते थे ठगी
एटीएस के एडीजी डीके ठाकुर का कहना है कि दोनों आरोपी 10 पाकिस्तानी हैंडलरों के संपर्क में थे। शुरुआती जांच में 12 खातों से 20 लाख रुपये पाकिस्तान भेजे जाने का पता चला है। दोनों पहले भी कई मामलों में जेल जा चुके हैं। इनके पास से 32 एटीएम कार्ड, 5 बैंकों की पासबुक और 3 बैंकों की चेकबुक मिली हैं। उन्होंने बताया कि पाकिस्तान में बैठे हैंडलर सोशल मीडिया के जरिए ये खेल रहे थे। वे बड़ी रकम या गाड़ी निकलने का झांसा देकर भारतीय खातों में रकम जमा कराते थे। इनका इंतजाम जय प्रकाश और धीरुद्दीन करते थे। बाद में इस पैसों को पाकिस्तानी अकाउंट में ट्रांसफर कर दिया जाता था।